बांग्लादेश को मिली नई सरकार, BNP नेता तारिक रहमान ने ली प्रधानमंत्री पद की शपथ

बांग्लादेश को अपनी नई सरकार मिल गई है। तारिक रहमान ने आज प्रधानमंत्री पद की शपथ ले ली है। गौरतलब है कि बांग्लादेश लंबे समय से अपने नेता की कमी महसूस कर रहा था क्योंकि साल 2024 में यहां शेख हसीना की सरकार गिर गई थी और इस दौरान काफी हिंसा भी हुई थी। इसके […]

UB India News By UB India News Patna, Bihar
मंगलवार, 17 फरवरी 2026, 11:52 AM 8 मिनट read
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बांग्लादेश को मिली नई सरकार, BNP नेता तारिक रहमान ने ली प्रधानमंत्री पद की शपथ
Photo: UB India News Archive

बांग्लादेश को अपनी नई सरकार मिल गई है। तारिक रहमान ने आज प्रधानमंत्री पद की शपथ ले ली है। गौरतलब है कि बांग्लादेश लंबे समय से अपने नेता की कमी महसूस कर रहा था क्योंकि साल 2024 में यहां शेख हसीना की सरकार गिर गई थी और इस दौरान काफी हिंसा भी हुई थी। इसके बाद ने बांग्लादेश के अंतरिम नेता के तौर पर देश का नेतृत्व तो किया लेकिन वह बांग्लादेश के “मुख्य सलाहकार” के रूप में देश का नेतृत्व कर रहे थे।

सोमवार को अंतरिम नेता मोहम्मद यूनुस ने दिया था पद से इस्तीफा

सोमवार को अंतरिम नेता मोहम्मद यूनुस ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था और सत्ता की चाबी नवनिर्वाचित सरकार को सौंप दी थी। हालांकि सोमवार को पद छोड़ने के दौरान यूनुस ने कहा था, “आज अंतरिम सरकार पद छोड़ रही है। लेकिन लोकतंत्र, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और मौलिक अधिकारों की जो प्रक्रिया शुरू हुई है, उसे रोका न जाए।”

BNP ने चुनाव में हासिल की थी शानदार जीत

हालही में बांग्लादेश में चुनाव हुए थे, जिसमें बांग्लादेश राष्ट्रवादी पार्टी (बीएनपी) और उसके नेता तारिक रहमान ने भारी जीत हासिल की थी। बांग्लादेश राष्ट्रवादी पार्टी (बीएनपी) ने 297 में से 209 सीटें जीती थीं और देश में अपनी सरकार बनाने का रास्ता साफ किया था। वहीं दक्षिणपंथी जमात-ए-इस्लामी ने 13वें संसदीय चुनाव में 68 सीटें जीती थीं। अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना की अवामी लीग को चुनाव लड़ने से रोक दिया गया था।

तारिक रहमान के बारे में जानिए

  1. तारिक रहमान का जन्म 20 नवंबर 1965 को ढाका में हुआ।
  2. तारिक रहमान, पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया और पूर्व राष्ट्रपति जिया-उर-रहमान के बेटे हैं।
  3. वह 36 साल बाद देश के पहले पुरुष प्रधानमंत्री बने हैं।
  4. उन्होंने 17 साल का निर्वासन भी झेला है और जेल, यातनाएं और राजनीतिक साजिशें भी सही हैं। इस दौरान उनकी रीढ़ की हड्डी में भी गंभीर समस्या आई।
  5. वह 1990 से राजनीति में सक्रिय हैं और 1991 में मां खालिदा को पीएम बनवाने में उनका बड़ा रोल था।
  6. शेख हसीना के शासन में एक मामले में तारिक को मौत की सजा तक सुनाई गई थी। हालांकि इस दौरान वह निर्वासन में थे और बांग्लादेश वापस नहीं लौटे।
  7. साल 2024 में जब शेख हसीना के खिलाफ छात्र आंदोलन हुआ, तब तारिक की स्वदेश वापसी का सफर शुरू हुआ।
  8. अंतरिम प्रमुख मोहम्मद यूनुस के कार्यकाल में तारिक के खिलाफ चल रहे मुकदमे रद्द किए गए। इससे उन्हें काफी राहत मिली।
  9. दिसंबर 2025 में उन्होंने लंदन से बांग्लादेश वापसी की घोषणा की। जब वह ढाका लौटे तो उनकी मां खालिदा जिया का निधन हो गया।
  10. इसके बाद तारिक चुनावी मैदान में उतरे और  ढाका-17 और बोगरा-6 सीटों से चुनाव लड़ा। उन्होंने दोनों जगह से जीत हासिल की।

परंपरा से अलग हटकर शपथ ग्रहण समारोह

बांग्लादेश में इस बार शपथ ग्रहण समारोह राष्ट्रपति भवन ‘बंगभवन’ के बजाय संसद परिसर के साउथ प्लाजा में आयोजित किया जाएगा। अब तक एक लंबे अर्से से ‘बंगभवन’में शपथ ग्रहण की परंपरा रही है। राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन आज दोपहर कैबिनेट के सदस्यों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे।

शाम 4 बजे होगा शपथ ग्रहण समारोह

जानकारी के मुताबिक सांसदों का शपथ ग्रहण सुबह 10:00 बजे होगा, जिसके बाद शाम 4:00 बजे मुख्य कैबिनेट का शपथ ग्रहण समारोह शुरू होगा। इससे पहले सुबह 11:30 बजे संसदीय दल के नेता के चुनाव के लिए बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) की बैठक बुलाई गई है।

ओम बिरला करेंगे भारत का प्रतिनिधित्व

इस शपथ ग्रहण समारोह में कई देशों के प्रतिनिधियों के साथ ही कई अंतरराष्ट्रीय हस्तियों के शामिल होने की उम्मीद है। भारत की ओर से लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला देश का प्रतिनिधित्व करेंगे। उनके साथ विदेश सचिव विक्रम मिस्री और लोकसभा के महासचिव उत्पल कुमार सिंह के भी शामिल होने की संभावना है।

दरअसल, अगस्त 2024 में शेख हसीना की अगुवाई वाली सरकार के पतन के बाद बांग्लादेश में एक अस्थिरता का दौर शुरू हुआ। फिर 12 फरवरी को 13वें संसदीय चुनाव संपन्न हुए। इन चुनावों में 59.44 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग को चुनाव लड़ने से रोक दिया गया था। इस चुनाव में तारिक रहमान की बीएनपी ने  297 में से 209 सीटें जीती हैं, जबकि दक्षिणपंथी जमात-ए-इस्लामी ने  68 सीटें हासिल की हैं।

एक नए अध्याय की शुरुआत

1991 के बाद तारिक रहमान बांग्लादेश के पहले पुरुष प्रधानमंत्री होंगे। क्योंकि पिछले तीन दशक से वहां की सत्ता कभी बेगम खालिदा जिया तो कभी शेख हसीना के पास रही है। रहमान अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस की जगह लेंगे। यूनुस के कार्यकाल में भारत और बांग्लादेश के संबंधों में काफी उतार-चढ़ाव आए। लेकिन अब दुनिया की नजरें तारिक रहमान की विदेश नीति पर टिकी है। देखना है कि वे भारत के साथ अपने संबंधों में सुधार की दिशा में कैसी पहल करते हैं।

बांग्लादेश में BNP-जमात के बीच शपथ ग्रहण पर विवाद

बांग्लादेश के 13वें संसदीय चुनाव में जीत दर्ज करने के बाद भी जमात-ए-इस्लामी और बीएनपी के बीच शपथ ग्रहण को लेकर टकराव देखने को मिला। मंगलवार को बांग्लादेश की दक्षिणपंथी पार्टी जमात-ए-इस्लामी के नए निर्वाचित सांसदों ने संविधान सुधार परिषद के सदस्य के रूप में दूसरी शपथ लेने से इनकार कर दिया।

जमात के उप प्रमुख अब्दुल्ला मुहम्मद ताहिर ने कहा जब तक बीएनपी सांसद संविधान सुधार परिषद के सदस्य के रूप में शपथ नहीं लेते, हम शपथ नहीं लेंगे। संसद बिना संविधान सुधार के अर्थहीन है। दूसरी शपथ ‘जुलाई चार्टर’ के तहत संविधान में व्यापक सुधार लागू करने के लिए सांसदों को बाध्य करने का उद्देश्य रखती है। इस चार्टर के 84 बिंदुओं को जनमत संग्रह के माध्यम से मतदान के लिए रखा गया था, जिसमें 60% से अधिक मतदाताओं ने ‘हां’ का समर्थन किया।

12:20 PM, 17-Feb-2026

कई देशों के प्रतिनिधि होंगे शामिल

भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोबगे और भारतीय लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला मंगलवार को ढाका पहुंच रहे हैं, जहां वे बांग्लादेश की नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे। उनके साथ भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिस्री भी शामिल होंगे। विदेश मामलों के सलाहकार मोहम्मद तौहीद हुसैन मालदीव के राष्ट्रपति और भूटान के प्रधानमंत्री का स्वागत करेंगे, जबकि विदेश सचिव ढाका में भारतीय लोकसभा अध्यक्ष का स्वागत करेंगे।

अतिथियों में मालदीव के राष्ट्रपति नियमित विमान से पहुंचे हैं। भूटान के प्रधानमंत्री और भारत की लोकसभा के अध्यक्ष विशेष विमान से ढाका आ रहे हैं।

इस बीच, बांग्लादेश की नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेने के लिए ब्रिटेन, तुर्की, पाकिस्तान, नेपाल और श्रीलंका के प्रतिनिधि सोमवार दोपहर से आज सुबह तक ढाका पहुंचे। ब्रिटेन की इंडो-पैसिफिक मामलों की अवर सचिव सीमा मल्होत्रा, तुर्की की अंतरराष्ट्रीय मामलों की अवर सचिव बेरिस एकिन्सी, पाकिस्तान के योजना मंत्री अहसान इकबाल, नेपाल के विदेश मंत्री बाला नंदा शर्मा और श्रीलंका के स्वास्थ्य मंत्री नलिंदा जयतिस्सा अपने-अपने देशों का प्रतिनिधित्व करेंगे।

12:14 PM, 17-Feb-2026

जमात गठबंधन, स्वतंत्र और इस्लामी आंदोलन के नए सांसदों ने भी ली शपथ

13वें संसदीय चुनाव में निर्वाचित जमात-नेतृत्व वाले गठबंधन, स्वतंत्र उम्मीदवार और इस्लामी आंदोलन बांग्लादेश के सांसदों ने आज दोपहर जातीय संसद भवन में पद और गोपनीयता की शपथ ली।

11:39 AM, 17-Feb-2026

नए मंत्रिमंडल में 50 सदस्य हो सकते हैं शामिल

बांग्लादेश में नए मंत्रिमंडल में संभवतः 50 सदस्य होंगे। इनमें से 25 पूर्णकालिक मंत्री और 24 राज्य मंत्री होंगे। मंत्रिमंडल विभाग नए मंत्रियों को शपथ ग्रहण समारोह में ले जाने के लिए 49 वाहन भेज रहा है। इसी बीच, मंत्रिमंडल विभाग ने लोगों को शपथ ग्रहण समारोह में आमंत्रित करने के लिए फोन करना शुरू कर दिया है।

11:00 AM, 17-Feb-2026

तारिक रहमान ने बोगरा-6 सीट छोड़ी, ढाका-17 से ही रहेंगे सांसद

बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी के प्रमुख तारिक रहमान ने 13वें संसदीय चुनाव में जीतने के बाद बोगरा-6 सीट छोड़ने का निर्णय लिया है और ढाका-17 सीट अपने पास रखने का फैसला किया है। ढाका-17 से उन्होंने लगभग 72,699 वोट हासिल किए, जबकि बोगरा-6 सीट पर उन्होंने 2,16,284 वोट प्राप्त कर जमात-ए-इस्लामी के उम्मीदवार अब्दुर रहमान सोहेल को बड़े अंतर से हराया था। तारिक रहमान ने बांग्लादेश निर्वाचन आयोग (ईसी) को लिखित रूप में बोगरा-6 सीट छोड़ने की औपचारिक सूचना दी है। ईसी के वरिष्ठ सचिव अख्तर अहमद ने इसकी पुष्टि की है।

10:49 AM, 17-Feb-2026

नए सांसदों को दिलाई जा रही शपथ

बांग्लादेश की 13वीं नेशनल पार्लियामेंट के नवनिर्वाचित सदस्यों ने मंगलवार को जातीय संसद भवन के साउथ प्लाजा में शपथ ली। सुबह करीब 10:42 बजे (स्थानीय समयानुसार) मुख्य चुनाव आयुक्त एएमएम नासिर उद्दीन ने सांसदों को शपथ दिलाई। मुख्य समारोह शाम 4 बजे शुरू होगा। राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन निर्वाचित प्रधानमंत्री तारिक रहमान और उनके शुरुआती मंत्रिमंडल को पद की शपथ दिलाएंगे।

10:15 AM, 17-Feb-2026

चुनाव परिणाम: किसे कितनी सीटें?

आधिकारिक नतीजों के अनुसार:-

  • बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी): 209 सीटें
  • जमात-ए-इस्लामी (मुख्य विपक्ष): 68 सीटें
  • नेशनल सिटिजन पार्टी (एनसीपी): 6 सीटें
  • अन्य: 7 सीटें
  • निर्दलीय: 7 सीटें
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