अमेरिका का ईरान के 10 से ज्यादा शहरों पर हमला……….

जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर ईरानी मिसाइल हमले के एक दिन बाद अमेरिका ने ईरान पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए हैं. अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, गुरुवार यानी 30 जुलाई की सुबह अमेरिकी सेना ने ईरान के कई ठिकानों को निशाना बनाया. अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने भी इन हमलों की पुष्टि […]

UB India News By UB India News Patna, Bihar
गुरुवार, 30 जुलाई 2026, 08:15 AM 7 मिनट read
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अमेरिका का ईरान के 10 से ज्यादा शहरों पर हमला……….
Photo: UB India News Archive

जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर ईरानी मिसाइल हमले के एक दिन बाद अमेरिका ने ईरान पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए हैं. अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, गुरुवार यानी 30 जुलाई की सुबह अमेरिकी सेना ने ईरान के कई ठिकानों को निशाना बनाया. अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने भी इन हमलों की पुष्टि करते हुए कहा कि यह कार्रवाई जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों पर हुए हमलों के जवाब में की गई है.

अमेरिका ने गुरुवार सुबह ईरान में 10 से ज्यादा शहरों पर हवाई हमले किए। ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, केश्म, किश, काजेरून, अहवाज, अबादान, शादेगान, अरवंदकेनार, बुशेहर, जाम और खोरमोज को निशाना बनाया गया है। केश्म द्वीप पर रिहायशी इमारत पर हमले में एक दंपती और उनके 2 साल के बच्चे की मौत हुई, जबकि दो अन्य बच्चे घायल हुए।अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया कि उसने ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के दर्जनों ठिकानों को निशाना बनाया। इनमें कमांड सेंटर, मिसाइल और ड्रोन सुविधाएं, तटीय निगरानी एवं रक्षा ठिकाने और समुद्री सैन्य क्षमताएं शामिल हैं।ट्रम्प ने हमलों से पहले कहा था कि जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर मिसाइल हमला करने की कोशिश की गई थी। उन्होंने कहा, “उन्होंने हमला करने की कोशिश की, अब हमारी बारी है।”

ट्रंप बोले- अब हमारी बारी है

हमलों से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिए थे कि ईरान को कड़ा जवाब दिया जाएगा. ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा था कि अब हमारी बारी है. हम उन पर बहुत ज़ोरदार हमला करने जा रहे हैं. उन्हें पता है कि ऐसा होने वाला है. ट्रंप ने यह भी दावा किया कि ईरान ने स्वीकार किया है कि मिसाइल लॉन्च एक गलती थी और उसने अमेरिका से जवाबी कार्रवाई नहीं करने का अनुरोध किया था.

पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स…

1. ट्रम्प ने ईरान को फिर दी सैन्य कार्रवाई की चेतावनी: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि अगर हालात बिगड़े तो अमेरिका ईरान पर “बहुत जोरदार हमला” करेगा। हालांकि, उन्होंने भविष्य में समझौते की संभावना से भी इनकार नहीं किया।

2. अमेरिका-सऊदी के संयुक्त हमले, इराक में 20 PMF लड़ाके मारे गए: अमेरिका और सऊदी अरब ने इराक में ईरान समर्थित PMF के ठिकानों पर संयुक्त हवाई हमले किए। PMF के मुताबिक, हमलों में कम से कम 20 लड़ाके मारे गए और कई अन्य घायल हुए।

3. मिस्र के बंदरगाह पर अमेरिकी गैस टैंकर पर ड्रोन हमला: मिस्र के दमियत्ता पोर्ट पर अमेरिकी गैस स्टोरेज टैंकर को ड्रोन से निशाना बनाया गया। हमले के बाद आग लग गई, लेकिन प्रशासन ने हालात पर जल्द काबू पा लिया।

4. कच्चे तेल का भाव 90 डॉलर के करीब, 100 डॉलर तक जाने की आशंका: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ब्रेंट क्रूड करीब 90 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गया। एक्सपर्ट्स का मानना है कि हालात और बिगड़े तो कीमत 100 डॉलर तक जा सकती है।

5. ईरान बोला- हमारी इजाजत के बिना होर्मुज से कोई जहाज नहीं गुजरेगा: ईरानी नौसेना ने दावा किया कि होर्मुज स्ट्रेट और आसपास के समुद्री क्षेत्र पर उसका पूरा नियंत्रण है। उसने कहा कि उसकी अनुमति के बिना किसी जहाज की आवाजाही नहीं हो सकती।

कुवैत में चीनी कंपनी पर ईरान का हमला; एक की मौत

ईरान के मिसाइल हमले में कुवैत में स्थित एक चीनी कंपनी की इमारत निशाना बनी है। कुवैत की सेना के मुताबिक, हमले में एक कर्मचारी की मौत हो गई, जबकि इमारत को भारी नुकसान पहुंचा है।

UAE ने सऊदी के तेल ठिकानों पर ड्रोन हमलों की निंदा की

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने इराक की जमीन से सऊदी अरब के पूर्वी प्रांत के तेल ठिकानों पर हुए ड्रोन हमलों की कड़ी निंदा की है। UAE विदेश मंत्रालय ने कहा कि ऐसे हमले सऊदी अरब की संप्रभुता, सुरक्षा और स्थिरता के खिलाफ हैं।

ईरान की तस्नीम न्यूज एजेंसी का X अकाउंट सस्पेंड

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X ने ईरान की अर्ध-सरकारी तस्नीम न्यूज एजेंसी के आधिकारिक अकाउंट सस्पेंड कर दिए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, तस्नीम की ओर से शेयर किए गए एक वीडियो के बाद यह कार्रवाई हुई। बताया गया कि वीडियो में अमेरिका की फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रम्प की गतिविधियों और उनकी सुरक्षा से जुड़ी संवेदनशील जानकारी थी, जिसका दुरुपयोग हो सकता था। हालांकि, X ने आधिकारिक तौर पर यह पुष्टि नहीं की है कि कार्रवाई इसी वजह से की गई। 2012 में स्थापित तस्नीम न्यूज एजेंसी खुद को इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान का समर्थक मीडिया मंच बताती है। एजेंसी के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) से करीबी संबंध माने जाते हैं। अमेरिका ने 2019 में IRGC को विदेशी आतंकवादी संगठन घोषित किया था।

ईरान बोला- होर्मुज स्ट्रेट में टैंकर में आग लगी, 2 तेल जहाज लौटे

ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) ने कहा कि बुधवार रात होर्मुज स्ट्रेट के दक्षिणी हिस्से में एक तेल टैंकर में भीषण आग लग गई। इसके बाद उसी रास्ते से गुजर रहे दो दूसरे तेल जहाज आगे बढ़ने के बजाय लौट गए। IRGC का आरोप है कि अमेरिकी विमान इन जहाजों को एक ‘असुरक्षित रास्ते’ से ले जा रहे थे। हालांकि, उसने यह नहीं बताया कि आग कैसे लगी, टैंकर कौन से थे और घटना में कोई हताहत हुआ या नहीं। IRGC ने कहा कि जब तक अमेरिका क्षेत्र की समुद्री गतिविधियों में दखल देता रहेगा और धमकियां देता रहेगा, तब तक होर्मुज स्ट्रेट बंद रहेगा। उसने यह भी कहा कि अमेरिका को इसका जवाब दिया जाएगा।

अबादान, बंदर अब्बास और द्वीपों पर भी हमले

IRIB ने एक उप-सुरक्षा मंत्री के हवाले से बताया कि खुज़ेस्तान प्रांत के अबादान में कुछ ठिकानों को अमेरिकी सेना ने निशाना बनाया. इसके अलावा होर्मोजगन प्रांत के बंदर अब्बास, अबू मूसा, किश और केशम द्वीपों पर भी धमाकों की सूचना मिली है. वहीं अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सिरिक शहर पर किसी हमले की सूचना नहीं है.

जॉर्डन बोला- ईरान से दागी गईं 5 मिसाइलें मार गिराईं

जॉर्डन की सेनाओं ने कहा कि गुरुवार तड़के ईरान से दागी गई 5 मिसाइलों को उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने इंटरसेप्ट कर नष्ट कर दिया। सेना के प्रवक्ता के मुताबिक, सैन्य रडार ने समय रहते मिसाइलों का पता लगा लिया था।

कुवैत-बहरीन में US बेस पर हमला कर सकता है ईरान

अमेरिकी हमलों के बीच कुवैत और बहरीन में मौजूद US के सैन्य ठिकानों पर जवाबी हमले की आशंका बढ़ गई है। अल जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान की नजर खास तौर पर कुवैत, बहरीन और जॉर्डन पर है। रिपोर्ट के अनुसार, ईरान पर दागी गई कुछ मिसाइलें कुवैत से छोड़ी गई थीं। इसके बाद कुवैत में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर जवाबी हमले की मांग तेज हो गई है। बहरीन भी संभावित निशानों में शामिल बताया जा रहा है।

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