पाकिस्तान में एक बार फिर अज्ञात हमलावर सक्रिय हो गए हैं. इन हमलावरों के निशाने पर लश्कर और जैश के आतंकी हैं. पिछले एक हफ्ते में भारत विरोधी जैश और लश्कर के 2 आतंकी मारे जा चुके हैं. ताजा मामला सज्जाद अहमद से जुड़ा है. हिजबुल आतंकी सज्जाद अहमद को अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी है. सज्जाद की हत्या राजधानी इस्लामाबाद में की गई है. सज्जाद की हत्या की पुष्टि उसके पड़ोसी जहांगीर नामक शख्स ने की है.
1997 में सज्जाद पाकिस्तान के आतंकियों के संपर्क में आया था. उसके बाद उसने आतंक का रास्ता अख्तियार कर लिया. वर्तमान में सज्जाद हिजबुल का कमांडर पद पर तैनात था.
2 दिन पहले आतंकी सलमान अजहर की हत्या हुई थी. अजहर जैश-ए-मोहम्मद का टॉप कमांडर था. अजहर की मौत किसी अज्ञात वाहन से टक्कर में हो गई थी. अजहर को बहावलपुर के सुभानअल्लाह मरकज में दफनाया गया. सलमान को जैश सरगना मसूद अजहर का करीबी माना जाता था.
पिछले हफ्ते लश्कर के टॉप कमांडर शेख यूसुफ अफरीदी के खैबर पख्तूनख्वा में अनजान बंदूकधारियों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी. इससे पहले मार्च महीने में मसूद अजहर के भाई ताहिर अजहर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी. अजहर के अंडरग्राउंड होने के बाद ताहिर ही उसका सारा कामकाज देख रहा था.
20 से ज्यादा आतंकियों की अब तक हत्या
2019 में अज्ञात हमलावरों ने टारगेट किलिंग के तहत पाकिस्तान के आतंकियों को मारना शुरू किया था. अब तक अज्ञात हमलावरों के हाथों 20 से ज्यादा आतंकी मारे जा चुके हैं. दिलचस्प बात है कि पाकिस्तान की सरकार या खुफिया एजेंसी ऐसे मामलों की जांच भी नहीं करती है. अब तक सरकार की तरफ से आधिकारिक तौर पर यह नहीं बताया गया है कि ये आतंकी कैसे मारे गए?
पाकिस्तान में लश्कर और जैश से जुड़े करीब 10 हजार आतंकी एक्टिव हैं. इन आतंकियों का मुख्य काम भारत में आतंक फैलाना है. पिछले साल जम्मू कश्मीर के पहलगाम में पाकिस्तान समर्थित आतंकियों ने 26 बेगुनाह नागरिकों की हत्या कर दी थी. पाकिस्तान के पंजाब, गिलिगित और पीओके में आतंकियों का ट्रेनिंग कैंप बनावाया गया है, जहां आतंकियों को ट्रेंड किया जाता है.








