बता दें कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज से पांच देशों के दौरे पर हैं। इस विदेश दौरे में पीएम मोदी सबसे पहले संयुक्त अरब अमीरात का दौरा कर रहे हैं, इसके बाद वे नीदरलैंड, स्वीडन, नॉर्वे और इटली की यात्रा करेंगे। प्रधानमंत्री के इन दौरों का उद्देश्य व्यापार, प्रौद्योगिकी, ऊर्जा, नवाचार और हरित विकास के क्षेत्र में भारत की रणनीतिक साझेदारियों को मजबूत करना है। अपनी यात्रा के दूसरे चरण में, प्रधानमंत्री नीदरलैंड का दौरा करेंगे। वर्ष 2017 के बाद यह प्रधानमंत्री की नीदरलैंड की दूसरी यात्रा होगी। जॉर्ज ने बताया कि इस यात्रा के दौरान, वे नीदरलैंड के किंग विलेम-अलेक्जेंडर और क्वीन मैक्सिमा से मुलाकात करेंगे, साथ ही प्रधानमंत्री रॉब जेटन के साथ भी बातचीत करेंगे।
इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी स्वीडन के गोथेनबर्ग शहर जाएंगे। वहां वे अपने स्वीडिश प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टरसन के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। दोनों देश व्यापार और सहयोग बढ़ाने के नए अवसरों पर चर्चा करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी और स्वीडन के प्रधानमंत्री यूरोपीय उद्योग जगत के बड़े मंच ‘यूरोपियन राउंड टेबल फॉर इंडस्ट्री’ को भी संबोधित करेंगे। इस कार्यक्रम में यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन भी मौजूद रहेंगी। यात्रा के चौथे चरण में प्रधानमंत्री मोदी सोमवार को नॉर्वे पहुंचेंगे। वहां वे तीसरे भारत-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे और कई द्विपक्षीय बैठकों में भी शामिल होंगे। दौरे के आखिरी चरण में प्रधानमंत्री मंगलवार को इटली जाएंगे। इटली में वे राष्ट्रपति सर्जियो मैटरेला से मुलाकात करेंगे और प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी के साथ बातचीत करेंगे।
यूएई के F16 जेट विमानों ने किया एस्कॉर्ट
भारत और यूएई के बीच स्ट्रैटेजिक डिफेंस पार्टनरशिप पर समझौता हुआ। इससे रक्षा क्षेत्र में दोनों देशों का सहयोग और मजबूत होगा। इसके अलावा, पेट्रोलियम रिजर्व को लेकर भी एमओयू साइन किया गया। दोनों देशों के बीच एलपीजी यानी रसोई गैस सप्लाई को लेकर भी समझौता हुआ है, जिससे भारत को ऊर्जा सुरक्षा में फायदा मिलेगा। सबसे बड़ा एलान निवेश को लेकर हुआ। यूएई ने भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर, आरबीएल बैंक और सम्मान कैपिटल में कुल पांच अरब डॉलर निवेश की घोषणा की है।








