बिहार में ‘भारत रत्न’ को लेकर छिड़ा सियासी घमासान…..

राजद नेता ने पार्टी के सुप्रीमो लालू प्रसाद को भारत रत्न दिए जाने की मांग को लेकर पोस्टर लगा दिया जिसपर भाजपा और जदयू दोनों ने जमकर हमला बोला। बिहार में सत्ता पक्ष एनडीए के नेताओं ने इस पोस्टर को लेकर लालू यादव पर कटाक्ष करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री के दागदार रिकॉर्ड को लेकरर तंज कसा। बता दें […]

UB India News By UB India News Patna, Bihar
शनिवार, 26 अक्टूबर 2024, 06:14 AM 3 मिनट read
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बिहार में ‘भारत रत्न’ को लेकर छिड़ा सियासी घमासान…..
Photo: UB India News Archive

राजद नेता ने पार्टी के सुप्रीमो लालू प्रसाद को भारत रत्न दिए जाने की मांग को लेकर पोस्टर लगा दिया जिसपर भाजपा और जदयू दोनों ने जमकर हमला बोला। बिहार में सत्ता पक्ष एनडीए के नेताओं ने इस पोस्टर को लेकर लालू यादव पर कटाक्ष करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री के दागदार रिकॉर्ड को लेकरर तंज कसा। बता दें कि राजद के एससी/एसटी प्रकोष्ठ के एक पदाधिकारी ने इस पोस्टर को राजधानी पटना में पार्टी के बीरचंद पटेल मार्ग कार्यालय के करीब लगाया है। पोस्टर पर लिखा गया है, “सामाजिक न्याय के नेता और बिहार की आवाज़ लालू प्रसाद को भारत रत्न से सम्मानित किया जाए।”

इस पोस्टर पर राजद सुप्रीमो की तस्वीर के साथ “मसीहा, हमारे भगवान” भी लिखा गया है। इसपर जनता दल (यू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने कहा, “अगर होली का त्योहार नजदीक होता तो मैं इसे मजाक समझता। लेकिन चूंकि राजद ने गंभीरता से इसकी मांग की है, इसलिए मैं उनसे आग्रह करूंगा कि वे भारत रत्न का अपमान ना करें।”

वहीं जदयू एमएलसी नीरज कुमार ने और तीखा प्रहार करते हुए कहा, “लालू जी को भारत रत्न क्यों मिलना चाहिए? भ्रष्टाचार, जातिवाद, वंशवाद की राजनीति और अपराधियों को संरक्षण देने के उनके मानदंड के कारण कोई भी रत्न शर्मा जाए।” प्रसाद चारा घोटाले के कई मामलों में सजायाफ्ता हैं और फिलहाल जमानत पर हैं। मामलों में दोषसिद्धि के कारण उन्हें चुनाव लड़ने से भी अयोग्य घोषित किया गया है।

बिहार के उपमुख्यमंत्री और भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी ने कहा, “लालू प्रसाद को उनके वित्तीय अपराधों के लिए लूट रत्न की उपाधि दी जाए दी जानी चाहिए।”

राजद ने दी सफाई तो कांग्रेस ने कही ये बात

इसपर राजद प्रवक्ता एजाज अहमद ने कहा, “बिहार में किसी भी रिक्शा चालक या मजदूर से बात करें। वह आपको बताएगा कि लालू जी ने ही उन्हें आवाज दी है। बिहार के सभी ओबीसी और दलित नेता, चाहे वे किसी भी पार्टी के हों, अपने राजनीतिक भाग्य का श्रेय हमारे नेता द्वारा लाई गई सामाजिक क्रांति को देते हैं।”

इस सियासी घमासान पर राजद की गठबंधन सहयोगी कांग्रेस ने सधी हुई प्रतिक्रिया दी। राज्य कांग्रेस मीडिया सेल के प्रभारी राजेश राठौर ने कहा, “हर पार्टी अपने नेता के बारे में ऐसी भावना रखती है। इसमें कुछ भी असामान्य नहीं है। इसके अलावा, हम इस तथ्य से इनकार नहीं कर सकते कि बिहार के सभी नेताओं में लालू का सबसे बड़ा समर्थन आधार है।”

नीतीश, रामविलास के लिए भी उठी थी मांग

बता दें कि लगभग एक महीने पहले ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के लिए सर्वोच्च नागरिक सम्मान की मांग को लेकर एक पोस्टर जनता दल(यू) कार्यालय के बाहर लगाया गया था। वहीं लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने अपने दिवंगत पिता रामविलास पासवान के लिए भी भारत रत्न की मांग की है।

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