उत्तरकाशी के रेस्क्यू ऑपरेशन में बारिश बनी चुनौती, सीएम धामी भी पहुंचे

उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले के धराली गांव में आई तबाही के बाद सीएम पुष्कर सिंह धामी उत्तरकाशी पहुंचे हुए हैं. इस दौरान उन्होंने गांव के लोगों से बात की. साथ ही उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि डॉक्टरों की टीम बनाई गई है. बिजली की लाइनों को ठीक करने की कोशिश की जा रही है. […]

UB India News By UB India News Patna, Bihar
बुधवार, 6 अगस्त 2025, 05:13 AM 9 मिनट read
लाइव टेक्स्ट हाइलाइटिंग के साथ सुनें
शेयर करें:
WhatsAppFacebookXTelegram
उत्तरकाशी के रेस्क्यू ऑपरेशन में बारिश बनी चुनौती, सीएम धामी भी पहुंचे
Photo: UB India News Archive

उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले के धराली गांव में आई तबाही के बाद सीएम पुष्कर सिंह धामी उत्तरकाशी पहुंचे हुए हैं. इस दौरान उन्होंने गांव के लोगों से बात की. साथ ही उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि डॉक्टरों की टीम बनाई गई है. बिजली की लाइनों को ठीक करने की कोशिश की जा रही है. साथ ही सीएम पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि हमारे लिए एक-एक जान कीमती हैं. सीएम धामी ने धराली का हवाई सर्वे किया है. सीएम धामी ने कहा कि बिजली बहाल करना सबसे बड़ी चुनौती का काम है.

बरेली-आगरा से उड़ाने भरेगा Mi-17 और ALH Mk-III

उत्तरकाशी-हर्षिल राहत बचाव ऑपरेशन को लेकर बड़ी जानकारी सामने आई है. घने कोहरे और बारिश के कारण ऊंचाई वाले क्षेत्रों में उड़ान भरना मुश्किल हो गया है. मौसम में सुधार के बाद भारतीय वायुसेना का ऑपरेशन शुरू होगा. हर्षिल में अचानक आई बाढ़ के बाद भारतीय वायुसेना ने तुरंत अपनी तैयारी शुरू कर दी. बरेली में Mi 17 और ALH Mk-III, आगरा में An-32 और C-295 रात भर की तैयारी के बाद उड़ान भरने के लिए तैयार हैं. आगरा और बरेली स्टेशनों पर राहत और बचाव सामग्री लादने और बचाव अभियानों के लिए विमानों को तैयार करने के लिए चौबीसों घंटे काम किया जा रहा है.

उत्तराखंड के धराली गांव में बादल फटने (Uttarkashi Dharali Cloudburst) से हुई तबाही की चर्चा चारों ओर है. इस विशाल प्राकृतिक आपदा में 4 लोगों की मौत की आधिकारिक पुष्टि हुई है, जबकि 130 लोग रेस्‍क्‍यू किए गए हैं. धराली गांव में सैंकडों लोग लापता हैं. प्रशासन के मुताबिक, शनिवार दोपहर करीब डेढ़ बजे खीरगंगा नदी के ऊपर बादल फट गया, जिसके बाद वहां हाहाकार मच गया. चंद सेकंड के अंदर सैलाब के साथ लाखों टन मलबा धराली गांव पहुंच गया. इसके बाद वहां कोहराम मच गया. जान बचाने के लिए लोगों में चीख पुकार मच गई, लेकिन बिजली की रफ्तार से पहुंचे सैलाब ने 58 सेकंड में पूरे गांव को निगल लिया. गांव में कई मीटर मलबा जमा हो गया. कुछ मकान तो मलबे के ढेर में पूरी तरह दब गए, उनका नामोनिशान मिट गया. खबर मिलते ही सेना की एक टुकड़ी 10 मिनट के अंदर वहां पहुंच गई. जिला प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया. NDRF, SDRF और स्थानीय पुलिस की टीम राहत बचाव के काम में लगी हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से आपदा की जानकारी ली.

किसी को संभलने का मौका तक ना मिला
बिना वक्‍त गंवाए पीड़ितों की हरसंभव मदद करने के निर्देश जारी किए, क्योंकि उत्तरकाशी के धराली गांव में पहाड़ पर बादल फटा और उसके बाद वहां से आए मलबे ने वहां सबकुछ तबाह कर दिया. बादल फटने के बाद लाखों टन मलबा बिजली की रफ़्तार से नीचे आया. किसी को संभलने का या कुछ समझ पाने का मौका ही नहीं मिला. देखते ही देखते गरजता हुआ सैलाब धराली बाज़ार में मौजूद होटल, दुकानों और लोगों के घरों को अपने साथ बहा ले गया.
अरे भागो, अरे भागो, भयंकर फटेगी, अरे भाई, भयंकर तबाही
गांव की तरफ़ मलबा आता देख वहां चीख़ पुकार मच गई, क्योंकि ऐसा लगा जैसे वहां कीचड़ और मलबे से लबालब कोई बांध फट पड़ा हो. सैलाब के रास्ते में जो कुछ आया वो तबाह हो गया. घबराहट में लोग बुरी तरह चीखते चिल्लाते दिखे. ‘अरे बह गया, ए मेरी मां, ए मेरी मां, छोटे मामा’.. और भी ना जानें क्‍या-क्‍या चीख पुकार की आवाजें वहां से आईं. अपनी आंखों के सामने तबाही देखकर लोगों का दिल दहल गया, क्योंकि पहाड़ से नीचे आया सैलाब जब वहां बने मकानों से टकराया तो रूह कंपा देने वाला मंज़र दिखाई दिया. अफ़रातफ़री के बीच एक मकान में मौजूद कुछ महिलाएं अपने रिश्तेदारों को अलर्ट करने के लिए चीख़ती चिल्लाती दिखीं. अरे फोन कर, अरे फोन कर ले, पागल फोन कर, अरे बाबा.. देखने वाले चिल्‍ला रहे थे. खीर गंगा नदी से होता हुआ पहाड़ी से आया सैलाब पलक झपकते ही भागीरथी नदी में जा मिला, लेकिन इस दौरान उसने वहां प्रलय मचा दिया.
अभी कितने लोग फंसे होंगे, मरे होंगे, धीरे-धीरे पता चलेगा
गंगोत्री से पहले हर्षिल के पास.. धराली मार्किट होटल एरिया में.. अचानक पहाड़ी नाले में बेहद तेज बहाव की वजह से आसपास मौजूद घर, होटलों में बेहद नुकसान हुआ है. प्रशासन के मुताबिक अभी घायल, लापता लोगों के बारे में जानकारी नही हैं, जिस तरीके से तेज बहाव आया है, उससे लग रहा है बादल फटने से ये तबाही हुई है. फिलहाल एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, आर्मी, लोकल प्रशासन रेस्‍क्‍यू ऑपरेशन में लगा है. बहाव इतना तेज था कि अभी कितने लोग फंसे होंगे, कितने लापता ये सब रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद साफ होगा. 

चारों तरफ बस तबाही के निशान
उत्तराखंड के धराली गांव में नाला उफान पर है. धराली गांव में अब चारों तरफ बस तबाही के निशान दिखाई दे रहे हैं. बादल फटने से धराली गांव में कुदरत का ऐसा कहर बरपा कि पूरे देश में हाहाकार मच गया. पहाड़ी से खीरगंगा नदी के रास्ते नीचे आए मलबे ने गांव को दो हिस्सों में चीरकर रख दिया. गांव के ज़्यादातर मकान लाखों टन मलबे, या ये कहें कि मलबे के पहाड़ के नीचे दब गए हैं.
तबाही ने उन्हें अंदर तक हिलाकर रख दिया
खीरगंगा नदी के ऊपर बादल फटने के बाद नदी में आए सैलाब और मलबे ने धराली गांव का मानो वजूद ही ख़त्म कर दिया. आसमान से बरसे कुदरत के इस क़हर को देखकर लोग सहम गए, क्योंकि खीरगंगा नदी में पहाड़ से आए बेहिसाब पानी और मलबे ने वहां कोहराम मचा दिया. धराली गांव में आई इस आपदा को देखकर आसपास रहने वाले लोग बुरी तरह कांप गए. पहाड़ी के ऊपर मौजूद लोगों ने क़ुदरत के इस कहर को अपने मोबाइल फ़ोन में क़द कर लिया, लेकिन इस दौरान धराली गांव में मची तबाही ने उन्हें अंदर तक हिला कर रख दिया. लोगों के मुताबिक़ धराली गांव में इससे पहले ऐसी आपदा कभी नहीं आई. लोगों ने आशंका जताई की इस भयानक आपदा में गांव में मौजूद कई लोगों की मौत हो गई, क्योंकि लोगों के मुताबिक़ पहाड़ से खीरगंगा नदी में सैलाब इतनी तेज़ी से उतरा की गांव में मौजूद लोगों को भागने तक का मौक़ा नहीं मिला. मतलब गांव में मौजूद लोग चाहकर भी वहां से भाग नहीं पाए. इसी वजह से आशंका जताई गई कि इस आपदा में बड़ी संख्या में लोग मलबे के नीचे दब गए. 

बहुत लोग मर गए भाई- चश्‍मदीद
इस भयानक आपदा में कितने लोगों की मौत हुई, इसकी सही-सही जानकारी अभी तक सामने नहीं आ सकी है. लेकिन अंदाजा लगाया गया कि सैलाब और मलबे की चपेट में आने की वजह से बड़ी संख्या में लोगों की जान चली गईं. धराली गांव में मची तबाही को देखने के बाद लोग हिल गए. बहुत नुकसान हो गया. इतना कभी नहीं हुआ था. पता नहीं कितने लोग मर गए, कितने लोग दब गए? कई चश्‍मदीदों का कहना है कि बहुत लोग मर गए भाई, बहुत लोग मर गए. इतने लोग भाग नहीं पाए होंगे पता नहीं. कतई भी भाग नहीं पाए होंगे.
मकान और होटेल तिनके की तरह बह गए
उत्तरकाशी के खीरगंगा नदी के किनारे बसे धराली गांव पर इस आफत के टूटने के बाद पूरा उत्तराखंड दहल गया. इस आपदा ने ना सिर्फ उत्तराखंड में बल्कि पूरे देश में कोहराम मच गया. दावा किया जा रहा है कि जिस वक्त बादल फटा उस वक्त गांव में बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे, लेकिन किसी को भी इस बात का अंदाजा नहीं था कि कुछ मिनटों के अंदर उनकी ज़िंदगी तबाह हो जाएगी. वहां कुदरत ने ऐसा कहर बरपाया, जिसे देखने के बाद लोग दहशत से भर गए. बादल फटने के बाद खीरगंगा नदी में आए सैलाब की चपेट में आकर धराली गांव में मौजूद ज्यादातर मकान और होटेल तिनके की तरह बह गए.

24 घंटे, 174 mm बारिश और खतरे की घंटी! उत्तराखंड में आसमान से अभी और आएगी तबाही, कहां अधिक संकट?

उत्तराखंड के उत्‍तरकाशी के धराली गांव में आई भारी तबाही के बाद भी खतरा टला नहीं है. रेस्‍क्‍यू ऑपरेशन जारी है और मलबे में दबे लोगों को निकालने की जद्दोजहद भी. वहां भारी तबाही हुई है. भारतीय सेना, आईटीबीपी, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ तक राहत और बचाव अभियान में लगी हुई है. मुख्‍यमंत्री पुष्‍कर सिंह धामी भी यहां दो दिन रूककर सभी कामों पर नजर रखे हुए हैं. उत्‍तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच मौसम विभाग ने 6 अगस्त के लिए डिस्ट्रिक्ट लेवल नाउकास्ट बुलेटिन जारी किया है, जिसमें राज्य के कई जिलों में अति भारी वर्षा, बिजली गिरने, बाढ़ और भूस्खलन जैसी प्राकृतिक आपदाओं की संभावना जताई गई है.

किन जिलों में खतरा सबसे ज्यादा?
मौसम विभाग के मुताबिक, देहरादून, हरिद्वार, टिहरी, पौड़ी गढ़वाल और कुमाऊं क्षेत्र के कई जिलों में कई जगहों पर मध्यम से भारी वर्षा के साथ आकाशीय बिजली गिरने, तेज हवाएं चलने और तेज से अत्यंत तेज बारिश के दौर की संभावना है. इन क्षेत्रों को ‘रेड अलर्ट’ की श्रेणी में रखा गया है.
24 घंटे में 174.0 मिमी बारिश होने का मतलब?
विशेषज्ञों के अनुसार, 24 घंटे में 174.0 मिमी बारिश होना एक अत्यधिक भारी वर्षा यानि Extremely Heavy Rainfall की श्रेणी में आता है और यह काफी गंभीर खतरे का संकेत होता है. खासकर अगर वह क्षेत्र पहाड़ी, नदी के किनारे या शहरी आबादी वाला हो. भारी वर्षा के कारण भूस्खलन और चट्टानों के गिरने से सड़कों व राजमार्गों पर यातायात बाधित हो सकता है. निचले इलाकों में बाढ़ की स्थिति बन सकती है. कच्चे और निर्माणाधीन भवनों को नुकसान पहुंच सकता है. नदियों और नालों का जलस्तर अचानक बढ़ने की आशंका है.
UB India News

UB India News

बिहार और देश-दुनिया की राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक घटनाओं की निष्पक्ष व सटीक रिपोर्टिंग।

संबंधित खबरें (Related Stories)

9 Articles loaded
नेपाल बाढ़- मौतों का आंकड़ा 903 पहुंचा, टनल में फंसी जानों को बचाने के लिए ऑपरेशन जिंदगी जारी…
खास खबर

नेपाल बाढ़- मौतों का आंकड़ा 903 पहुंचा, टनल में फंसी जानों को बचाने के लिए ऑपरेशन जिंदगी जारी…

पाल-तिब्बत सीमा के पास भोटेकोशी नदी में 26 अगस्त को आई विनाशकारी बाढ़ ने दोनों ही देशों के इलाकों में भीषण तबाही मचाई है। इस बाढ़ में अब तक 804 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 3000 से ज्यादा अब भी लापता हैं। नेपाल-तिब्बत में विनाशकारी बाढ़ के बाद राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है।

UB India News31 अग॰
नेपाल में मृतकों का आंकड़ा बढ़कर 734 हुआ, 2500 से ज्यादा अभी भी लापता
समाचार

नेपाल में मृतकों का आंकड़ा बढ़कर 734 हुआ, 2500 से ज्यादा अभी भी लापता

नेपाल में बाढ़ के कारण आई आपदा में 700 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। अभी भी अलग-अलग जगहों पर राहत और बचाव टीमें अभियान चला रही हैं। हजारों लोग लापता हैं। इस बीच यहां दूसरी बार भयंकर बाढ़ की चेतावनी दी गई है। तिब्बत के पहाड़ों में बर्फ का टुकड़ा टूटने से तबाही आई थी। पानी के साथ भारी मात्रा में मलबा और बड़ी चट्टानें बहकर आई थीं, जिससे जमकर तबाही हुई। अब दोबारा तिब्बत में ऐसे हालात बने हैं, जिसके कारण फिर से भारी मात्रा में पानी और मलबा निचले इलाकों में आ सकता है और इसके रास्ते में आने वाली हर चीज तबाह हो जाती है।

UB India News Desk30 अग॰
नेपाल बाढ़ : अब तक 626 लोगों की मौत; 2400 से ज्यादा लापता
अन्तर्राष्ट्रीय

नेपाल बाढ़ : अब तक 626 लोगों की मौत; 2400 से ज्यादा लापता

नेपाल में अचानक आई बाढ़ के कारण 626 लोगों की मौत हुई है। 2400 से अधिक लोग अब भी लापता हैं। इनमें करीब 30 देशों के नागरिक शामिल हैं। भारत के कई पर्यटकों ने सुरक्षित स्वदेश वापसी के बाद राहत की सांस ली। हालांकि, उन्होंने जलप्रलय और बाढ़ की विभीषिका पर रोंगटे खड़े करने वाले […]

UB India News29 अग॰
नेपाल के पानी ने बनाए बाढ़ जैसे हालात , क्या टल गई बड़ी तबाही !CM सम्राट बोले- खतरा अभी टला नहीं
दुर्घटना

नेपाल के पानी ने बनाए बाढ़ जैसे हालात , क्या टल गई बड़ी तबाही !CM सम्राट बोले- खतरा अभी टला नहीं

CM सम्राट चौधरी ने गुरुवार को गंडक बैराज का हवाई सर्वे किया। इसके बाद वे गंडक बैराज पहुंचे। CM यहां सिर्फ 8 मिनट रुके। इस दौरना उन्होंने अधिकारियों से स्थिति को समझा। आगे की प्लानिंग की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो रही है। खतरा अभी टला नहीं है। सभी लोग अपने […]

UB India News27 अग॰
इस्लामाबाद के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल में भीषण आग, 15 नवजातों की जलकर मौत
खास खबर

इस्लामाबाद के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल में भीषण आग, 15 नवजातों की जलकर मौत

पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद के एक अस्पताल में आग लगने से 15 नवजात बच्चों की मौत हो गई। यह हादसा पाकिस्तान इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (PIMS) के गायनेकोलॉजी वार्ड में हुआ। पाकिस्तान के जियो न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक जिस वक्त यह हादसा हुआ उस वक्त वार्ड की नर्सरी में 16 नवजात शिशु थे जिनमें […]

UB India News26 अग॰
उफान पर गंगा, CM ने बाढ़ आज 25 जिलों में बारिश की संभावना
दुर्घटना

उफान पर गंगा, CM ने बाढ़ आज 25 जिलों में बारिश की संभावना

बिहार में मानसून कमजोर है। इस बीच मौसम विभाग ने आज प्रदेश के 25 जिलों में बारिश की संभावना जताई है। हालांकि, कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है। ज्यादातर जिलों में मौसम सामान्य रहेगा। इधर, बिहार में गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। पटना से लेकर बेगूसराय और भागलपुर तक गंगा का जलस्तर […]

UB India News25 अग॰
बिहार के कई जिलों में गंगा उफान पर, कई इलाकों में पानी घुसा ,पटना से भागलपुर तक प्रशासन अलर्ट
दुर्घटना

बिहार के कई जिलों में गंगा उफान पर, कई इलाकों में पानी घुसा ,पटना से भागलपुर तक प्रशासन अलर्ट

बिहार में गंगा उफान पर है जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि से कई जिलों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है. इस बीच पटना जिले के बाढ़ क्षेत्र में करजान-ताजपुर सेतु का टेम्परेरी पुल डूब गया है. बाढ़ के ग्रामीण इलाकों में पानी घुस रहा है, इसके साथ ही लखीसराय और मुंगेर में गंगा […]

UB India News24 अग॰
सावन की आखिरी सोमवारी पर मधेपुरा के सिहेंश्वर मंदिर में भीड़ बेकाबू, 8 श्रद्धालु घायल………..
अध्यात्म

सावन की आखिरी सोमवारी पर मधेपुरा के सिहेंश्वर मंदिर में भीड़ बेकाबू, 8 श्रद्धालु घायल………..

सावन के अंतिम सोमवार पर मंदिरों में भीड़ है। मधेपुरा के सिहेंश्वर धाम में भीड़ बेकाबू हो गई। भीड़ इतनी बढ़ गई कि अफरा-तफरी हो गई। जैसे-जैसे भीड़ बढ़ी जलाभिषेक के लिए धक्का-मुक्की शुरू हो गई। कतार टूटने से भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। लाइन में लगे कुछ लोग गिर गए। इस दौरान महिला और बुजुर्ग […]

UB India News24 अग॰
बेतिया में देर रात भीषण सड़क हादसे में 5 लोगों की दर्दनाक मौत…………..
दुर्घटना

बेतिया में देर रात भीषण सड़क हादसे में 5 लोगों की दर्दनाक मौत…………..

बिहार के पश्चिम चंपारण से बुरी खबर सामने आई. बेतिया में शुक्रवार देर रात भीषण सड़क हादसा हो गया. जहां तेज रफ्तार बस अचानक एक आर्केस्ट्रा कार्यक्रम में जा घुसी और लोगों को कुचल दिया. हादसे में 5 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि छह से ज्यादा लोग बुरी तरह घायल हो गए. बताया […]

UB India News22 अग॰