दुनिया के सबसे सुरक्षित प्लेन में तकनीकी खराबी ………………

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में शामिल होने के लिए दावोस पहुंच रहे थे, इसी बीच अचानक उनके प्लेन में कुछ तकनीकी खराबी आई और उसे वापस अमेरिका की तरफ मोड़ दिया गया. ट्रंप दुनिया के सबसे सुरक्षित प्लेन एयरफोर्स वन में उड़ान भरते हैं. ये एक ऐसा हवाई जहाज है, जिस […]

UB India News By UB India News Patna, Bihar
बुधवार, 21 जनवरी 2026, 05:42 AM 5 मिनट read
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दुनिया के सबसे सुरक्षित प्लेन में तकनीकी खराबी ………………
Photo: UB India News Archive

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में शामिल होने के लिए दावोस पहुंच रहे थे, इसी बीच अचानक उनके प्लेन में कुछ तकनीकी खराबी आई और उसे वापस अमेरिका की तरफ मोड़ दिया गया. ट्रंप दुनिया के सबसे सुरक्षित प्लेन एयरफोर्स वन में उड़ान भरते हैं. ये एक ऐसा हवाई जहाज है, जिस पर किसी भी तरह के हमले का असर नहीं होता है और अमेरिका के राष्ट्रपति को ये हर हाल में सुरक्षित रखने का काम करता है.

विमान में मौजूद एक पत्रकार के अनुसार, टेकऑफ के कुछ देर बाद प्रेस केबिन की लाइट्स कुछ समय के लिए बंद हो गई थीं। हालांकि, उस वक्त कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया गया। उड़ान के लगभग आधे घंटे बाद पत्रकारों को सूचित किया गया कि विमान वापस लौट रहा है। एयर फोर्स वन विमान सुरक्षित रूप से वॉशिंगटन डीसी क्षेत्र में उतार लिया गया। इसके बाद राष्ट्रपति के दल ने बैकअप विमान से स्विट्जरलैंड के दावोस के लिए उड़ान भरी।

दोबारा राष्ट्रपति बनने के बाद WEF में ट्रंप की पहली प्रत्यक्ष उपस्थिति

यह राष्ट्रपति ट्रंप की दोबारा पद संभालने के बाद वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में पहली प्रत्यक्ष उपस्थिति है। ट्रंप आज को अमेरिकी नीतियों पर बोलने वाले हैं। रवाना होने से पहले उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में कम गैस कीमतों और मजबूत अर्थव्यवस्था का जिक्र किया।

फिलहाल एयर फोर्स वन के रूप में इस्तेमाल हो रहे दोनों विमान करीब चार दशक पुराने हैं। बोइंग इनके नए संस्करण तैयार कर रहा है, लेकिन यह परियोजना लगातार देरी का सामना कर रही है। ये विमान विशेष सुरक्षा तकनीक से लैस होते हैं, जिनमें रेडिएशन शील्डिंग, एंटी-मिसाइल सिस्टम और अत्याधुनिक संचार सुविधाएं शामिल हैं, ताकि राष्ट्रपति दुनिया के किसी भी कोने से सैन्य संपर्क बनाए रख सकें।

गौरतलब है कि पिछले साल कतर के शाही परिवार ने ट्रंप को एक लग्जरी बोइंग 747-8 जंबो जेट उपहार में दिया था, जिसे एयर फोर्स वन बेड़े में शामिल करने को लेकर काफी चर्चा हुई थी। यह विमान फिलहाल सुरक्षा मानकों के अनुरूप बदले जाने की प्रक्रिया में है। इस बीच, लेविट ने मजाकिया अंदाज में कहा कि इस समय कतर का जेट ‘काफी बेहतर विकल्प लग रहा है।

डब्ल्यूईएफ की 56वीं वार्षिक बैठक

डब्ल्यूईएफ की 56वीं वार्षिक बैठक 19 से 23 जनवरी 2026 के बीच दावोस में हो रही है, जिसमें 130 से ज्यादा देशों के करीब 3,000 वैश्विक नेता हिस्सा ले रहे हैं। यह बैठक ऐसे समय में हो रही है, जब दुनिया भू-राजनीतिक तनाव, आर्थिक अनिश्चितता और तेज तकनीकी बदलाव के दौर से गुजर रही है।

आइए जानते हैं कि क्या है अमेरिकी राष्ट्रपति के प्लेन एयरफोर्स वन की खासियत…

क्या है एयरफोर्स वन?

अमेरिका के राष्ट्रपति जिस विमान में चलते हैं, उसे एयरफोर्स वन कहा जाता है. ये एक बोइंग 747-200B सीरीज का विमान होता है, जिसे सैन्य भाषा में VC-25A कहा जाता है. इसकी खासियत और कमाल की टेक्नोलॉजी के चलते इसे उड़ता हुआ व्हाइट हाउस कहा जाता है.

  • एयरफोर्स वन के अंदर इतनी जगह है कि यहां फुटबॉल खेला जा सकता है. इसमें करीब 4,000 वर्ग फुट की जगह होती है.
  • प्लेन में प्रेसिडेंट के लिए एक अलग सुईट और एक पर्सनल ऑफिस भी होता है. इसके अलावा मीटिंग रूम भी बना है.
  • प्लेन को कभी भी ऑपरेशन थिएटर में तब्दील किया जा सकता है, इसमें हमेशा डॉक्टरों की टीम रहती है.
  • एयरफोर्स वन में अमेरिकी सुरक्षा सलाहकारों और सीक्रेट सर्विस एजेंट्स के लिए भी अलग से जगह बनी होती है.

किसी भी हमले का नहीं होता है असर

एयरफोर्स वन के अंदर ऐसी टेक्नोलॉजी मौजूद है, जिससे दुनिया के किसी भी देश के साथ हवा से ही संपर्क किया जा सकता है. इतना ही नहीं, हवा में उड़ते हुए ही राष्ट्रपति देश को संबोधित कर सकते हैं. साथ ही जरूरत पड़ने पर अमेरिकी राष्ट्रपति इसे ही वॉर रूम बना सकते हैं. इसमें एंटी मिसाइल सिस्टम लगा हुआ है, साथ ही इलेक्ट्रोमैग्नेटिक पल्स (EMP) से बचने के लिए भी खास कोटिंग होती है, जिससे परमाणु हमले का भी विमान पर असर नहीं होता है. ये किसी भी तरह के हमले को सहने में सक्षम है. साथ ही जरूरत पड़ने पर इसमें हवा में ही ईंधन भरा जा सकता है, जिससे ये विमान कई हफ्तों तक हवा में ही उड़ सकता है.

साथ चलते हैं फाइटर प्लेन

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्लेन एयरफोर्स वन के साथ हमेशा दो फाइटर प्लेन उड़ते हैं, जो राष्ट्रपति की सुरक्षा को सुनिश्चित करने का काम करते हैं. हवा में मौजूद किसी भी तरह के खतरे से निपटने के लिए ये फाइटर जेट हथियारों से पूरी तरह से लैस होते हैं. यानी अमेरिका के राष्ट्रपति जमीन के अलावा हवा में भी पूरी तरह से सुरक्षित रहते हैं.

 

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