मौका था शुभेंदु अधिकारी के शपथग्रहण समारोह का, कोलकाता का ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड और दूर तक फैला लोगों का हुजूम. इस बीच मंच से आई एक तस्वीर ने सबका ध्यान खींच लिया. पीएम मोदी ने एक बुजुर्ग व्यक्ति को शॉल ओढ़ाई, और पैर छूकर उन्हें गले लगा लिया. यही नहीं पीएम काफी देर तक […]
By UB India News • Patna, Bihar शनिवार, 9 मई 2026, 07:03 AM • 4 मिनट read
मौका था शुभेंदु अधिकारी के शपथग्रहण समारोह का, कोलकाता का ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड और दूर तक फैला लोगों का हुजूम. इस बीच मंच से आई एक तस्वीर ने सबका ध्यान खींच लिया. पीएम मोदी ने एक बुजुर्ग व्यक्ति को शॉल ओढ़ाई, और पैर छूकर उन्हें गले लगा लिया. यही नहीं पीएम काफी देर तक उन बुजुर्ग से बात करते रहे और गले लगाए रखा. पीएम मोदी के इस कदम ने सबके मन में एक सवाल खड़ा कर दिया कि आखिर ये बुजुर्ग कौन हैं जिनके सम्मान में पीएम मोदी ने अपना सिर झुका दिया. तो आइए आपको भी बता देते हैं.
बंगाल में बीजेपी के सबसे वरिष्ठ कार्यकर्ता
बंगाल में बीजेपी सरकार के शपथग्रहण समारोह के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल में भाजपा के सबसे वरिष्ठ कार्यकर्ताओं में से एक माखनलाल सरकार का अभिनंदन किया और उनका आशीर्वाद लिया. 1952 में, माखनलाल सरकार को कश्मीर में तब गिरफ्तार किया गया था जब वे वहां भारतीय तिरंगा फहराने के आंदोलन के दौरान श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ थे. 98 साल की आयु में, माखनलाल सरकार आज़ादी के बाद के भारत में राष्ट्रवादी आंदोलन से जुड़े शुरुआती ज़मीनी स्तर के लोगों में से एक हैं.
माखनलाल सरकार 1952 में श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ गिरफ्तार हुए थे. आजाद भारत में इन्होंने कई राष्ट्रवादी आंदोलनों में हिस्सा लिया. पश्चिम बंगाल में जब वामदल बीजेपी को पूरी तरह कुचलने की कोशिश कर रही थी तब भी माखनलाल ने जमीनी लड़ाई लड़ते रहे. जब 1980 में बीजेपी अस्तित्व में आई तब पश्चिमी दीनाजपुर में माखनलाल सरकार को वहां का कोऑर्डिनेटर बनाया गया था. उस दौर में इन्होंने एक साल के अंदर दार्जिलिंग के इलाके में बीजेपी के साथ 10 हजार लोगों को जोड़ा था. 1981 से लगातार वह बीजेपी जिला अध्यक्ष से लेकर तमाम पद संभालते रहे.
पीएम मोदी ने जब मंच पर माखनलाल सरकार के पैर छूए तो वहां मोजूद सभी लोग भावुक हो गए. कई लोगों को समझ में ही नहीं आ रहा था कि भला प्रधानमंत्री किस बुजुर्ग के पैर छू रहे हैं. पीएम मोदी ने माखनलाल सरकार को शॉल भी ओढ़ाया. साथ ही काफी देर तक उनसे बातें करते रहे.
श्यामा प्रसाद मुखर्जी के मित्र
98 साल के माखनलाल सरकार सिलीगुड़ी के रहने वाले हैं. वह श्यामा प्रसाद मुखर्जी के सहयोगी थे, उनकी अंतिम यात्रा का हिस्सा थे. उन्हें कांग्रेस के अधीन दिल्ली पुलिस द्वारा राष्ट्रवाद गीत गाने के लिए गिरफ्तार किया गया था. उन्होंने कोर्ट में माफी मांगने से इनकार कर दिया. उन्होंने अदालत में वही गाना गाया और न्यायाधीश ने उन्हें घर वापस आने के लिए प्रथम श्रेणी का टिकट और यात्रा के लिए 100 रुपये देने को कहा.
1980 में भाजपा के गठन के बाद, वह पश्चिम दिनाजपुर, जलपाईगुड़ी और दार्जिलिंग जिलों के संगठनात्मक समन्वयक बने. केवल एक वर्ष के भीतर, उन्होंने लगभग 10,000 सदस्यों को नामांकित करने में मदद की. 1981 के बाद से, उन्होंने लगातार सात वर्षों तक जिला अध्यक्ष के रूप में कार्य किया, यह उस समय एक असाधारण उपलब्धि थी, जब भाजपा नेता आम तौर पर दो साल से अधिक समय तक एक ही संगठनात्मक पद पर नहीं रह सकते थे.
भगवामय हुआ पूरा कोलकाता
इससे पहले कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड मैदान में शनिवार को पश्चिम बंगाल में बीजेपी की पहली सरकार के शपथ ग्रहण समारोह ने उत्सव का रूप ले लिया. उत्तर बंगाल, झारखंड समेत देश-विदेश से हजारों भाजपा समर्थक इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बनने पहुंचे. मुख्यमंत्री पद के लिए मनोनीत सुवेंदु अधिकारी और उनकी मंत्रिपरिषद के शपथ समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, कई केंद्रीय मंत्री और एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्री भी शामिल हुए. सुबह से ही बीजेपी के झंडे और भगवा बैनरों के साथ समर्थक जय श्री राम के नारों के बीच मैदान की ओर बढ़ते दिखे. कनाडा से आए एक समर्थक ने इसे इतिहास बदलने वाला पल बताया. लोक संगीत, भक्ति गीत, छऊ और जनजातीय नृत्य प्रस्तुतियों ने माहौल को सांस्कृतिक रंग दिया. समर्थकों के बीच बंगाल के लोकप्रिय नाश्ते झालमुड़ी का वितरण भी आकर्षण का केंद्र रहा.