सोफिया फिरदौस के अलावा भाजपा समर्थित उम्मीदवार के पक्ष में वोट करने वाले कांग्रेस विधायक रमेश जेना, दशरथी गोमांगो शामिल हैं। सोफिया फिरदौस ने राज्यसभा चुनाव में बीजद के उम्मीदवार का समर्थन करने के पार्टी के फैसले से सवाल भी उठाए थे। सोफिया फिरदौस ने उम्मीदवार पर सवाल उठाते हुए कहा कि वह बीजद के उम्मीदवार हैं तो वे साझा उम्मीदवार कैसे हो सकते हैं। अगर आज ओडिशा में कांग्रेस पार्टी की यह हालत है, उसकी वजह बीजद ही है। सोफिया फिरदौस ने पार्टी पर सवाल उठाते हुए कहा कि पार्टी आगे बढ़ते हुए सभी को साथ लेकर नहीं चल रही है और इस वजह से हर कोई निराश महसूस कर रहा है।
सोफिया फिरदौस, ओडिशा की बाराबती-कटक विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक रहे मोहम्मद मोकीम की बेटी हैं। मोकिम ओडिशा के प्रमुख रियल एस्टेट कारोबारी मेट्रो ग्रुप के संस्थापक और प्रबंध निदेशक हैं। सोफिया फिरदौस ने कलिंगा इंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रियल टेक्नोलॉजी से सिविल इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल की है और वे अपने पिता की कंपनी में बतौर निदेशक काम कर चुकी हैं। फिरदौस साल 2024 में बाराबती-कटक सीट से भाजपा के पीसी महापात्रा को हराकर विधायक चुनी गईं। दरअसल धोखाधड़ी के एक मामले में अदालत ने मोहम्मद मोकीम को चुनाव लड़ने से अयोग्य ठहरा दिया था। जिसके बाद कांग्रेस पार्टी ने मोहम्मद मोकीम की बेटी सोफिया फिरदौस को टिकट दिया और वह ओडिशा विधानसभा की पहली मुस्लिम महिला विधायक चुनी गईं।
बीजद के भी दो विधायकों ने की बगावत
तीन कांग्रेस विधायकों के साथ ही बीजद के भी दो विधायकों ने क्रॉस वोटिंग की, जिनमें देवी रंजन त्रिपाठी और सोविक बिस्वाल शामिल हैं। देवी रंजन त्रिपाठी ने कांग्रेस के साथ संयुक्त उम्मीदवार उतारने से नाराज होकर क्रॉस वोटिंग करने की बात कही। वहीं सोविक बिस्वाल की पत्नी ने आरोप लगाया कि लंबे समय से उनके पति को पार्टी में अपमानित और नजरअंदाज किया जा रहा है। बीजद प्रमुख नवीन पटनायक ने भाजपा पर हॉर्स ट्रेडिंग का आरोप लगाया। पटनायक ने कहा कि जिन विधायकों ने क्रॉस वोटिंग की, उनका आपराधिक रिकॉर्ड है और वे जेल जा चुके हैं।
चर्चा हुई। इसके बाद देर रात मतदान के दौरान सदन ने बहुमत से इसे मंजूरी दे दी। यह विधेयक मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस द्वारा विधानसभा में प्रस्तुत किया गया था। चर्चा के दौरान सत्ता पक्ष ने कहा कि यह कानून राज्य में जबरन और प्रलोभन देकर किए जाने वाले धर्मांतरण को रोकने के लिए जरूरी है। वहीं, विपक्ष के कुछ दलों ने इस पर अलग-अलग मत व्यक्त किए। इस विधेयक के समर्थन में उद्धव ठाकरे की पार्टी शिवसेना (यूबीटी) ने भी सरकार का साथ दिया, जबकि कांग्रेस ने इसका विरोध किया। विधानसभा से पारित होने के बाद अब यह विधेयक विधान परिषद में पेश किया जाएगा।
महाराष्ट्र में पुणे की बारामती और अहिल्यानगर जिले की राहुरी विधानसभा सीट के लिए उपचुनाव का कार्यक्रम घोषित होने के बाद दोनों सीटों पर निर्विरोध चुनाव कराने की कवायद शुरू हो गई है। पहल खुद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने की है। वहीं, सोमवार को एनसीपी (एसपी) की कार्यकारी अध्यक्ष एवं बारामती से लोकसभा सदस्य सुप्रिया सुले ने कहा कि उनकी पार्टी बारामती उपचुनाव में उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ उम्मीदवार नहीं उतारेगी। पूर्व उपमुख्यमंत्री अजीत पवार बारामती से और शिवाजी कर्डिले राहुरी से भाजपा के विधायक थे। 28 जनवरी को विमान दुर्घटना में अजीत की मौत हो गई थी। वहीं, शिवाजी कर्डिले का 17 अक्तूबर 2025 में बीमारी से निधन हो गया था। निर्वाचन आयोग ने रविवार को दोनों सीटों पर उपचुनाव की घोषणा की है। सुप्रिया उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा की ननद हैं। 2024 के लोकसभा चुनाव में बारामती सीट पर सुप्रिया ने सुनेत्रा को हराया था। उसके बाद सुनेत्रा राज्यसभा के लिए चुनी गई थी।
शिवसेना सांसद नरेश म्हस्के ने संसद में मांग की है कि ठाणे और मुलुंड के बीच बनने वाले नए रेलवे स्टेशन का नाम दिवंगत नेता धर्मवीर आनंद दिघे के नाम पर रखा जाए। आनंद दिघे शिवसेना के वरिष्ठ नेता और मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के गुरु थे। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस स्टेशन के निर्माण के लिए 250 करोड़ रुपये मंजूर कर दिए हैं और यह प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेज दिया गया है। सांसद म्हस्के ने कहा कि ठाणे की करीब 26 लाख आबादी के लिए रेलवे ही परिवहन का मुख्य साधन है। नया स्टेशन बनने से ठाणे स्टेशन पर भीड़ का दबाव कम होगा। उन्होंने ठाणे स्टेशन के कायाकल्प के लिए अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत 949 करोड़ रुपये के प्रस्ताव को जल्द मंजूरी देने की मांग भी की।
इसके अलावा, उन्होंने ठाणे स्टेशन पर इमरजेंसी मेडिकल क्लिनिक फिर से खोलने और कोरोना के समय बंद हुई बुजुर्गों की रेल टिकट छूट को दोबारा शुरू करने का मुद्दा उठाया। म्हस्के ने मुंबई से चिपळूण और ठाणे से कसारा, कर्जत व खोपोली के बीच लोकल ट्रेनों के फेरे बढ़ाने की मांग की। उन्होंने दुरंतो एक्सप्रेस को ठाणे, कल्याण, पनवेल और दादर स्टेशनों पर रोकने का सुझाव दिया। साथ ही फुट ओवरब्रिज, एस्केलेटर और प्लेटफॉर्म विस्तार के काम में तेजी लाने, नवी मुंबई एयरपोर्ट तक रेल सेवा जोड़ने और कुछ स्टेशनों का रखरखाव सिडको (CIDCO) से लेकर मध्य रेलवे को सौंपने की मांग भी रखी।
महाराष्ट्र के ठाणे जिले में एक 28 साल के युवक पर 13 साल की नाबालिग लड़की के सामने अश्लील हरकत करने का आरोप लगा है। पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर लिया है। यह घटना भिवंडी इलाके की एक चाल में 14 मार्च को हुई थी। शांतिनगर पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने बताया कि लड़की की मां ने इस बारे में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के अनुसार, उनकी बेटी घर के बाहर खड़ी थी, तभी आरोपी ने उसके सामने अश्लील हरकत किया। पुलिस ने रविवार को आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 79 और पॉक्सो (POCSO) एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। धारा 79 किसी महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने वाले शब्दों या हरकतों से संबंधित है। फिलहाल पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है
2037 तक महाराष्ट्र की सभी सरकारी बसें होंगी इलेक्ट्रिक, बोले- परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक
महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम (एमएसआरटीसी) की सभी बसें साल 2037 तक इलेक्ट्रिक हो जाएंगी। राज्य के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने सोमवार को विधान परिषद में यह महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सरकार का लक्ष्य है कि साल 2047 तक महाराष्ट्र की सड़कों पर चलने वाले सभी वाहन इलेक्ट्रिक हो जाएं। इसी दिशा में कदम बढ़ाते हुए एमएसआरटीसी ने 2037 तक अपनी पूरी फ्लीट को इलेक्ट्रिक बसों में बदलने की योजना बनाई है।
मंत्री ने सदन को बताया कि वर्तमान में एमएसआरटीसी के पास कुल 22,000 बसें हैं। इनमें से अभी केवल 800 बसें ही इलेक्ट्रिक हैं। बाकी बसों को चरणबद्ध तरीके से बदला जाएगा। इस बड़े बदलाव के साथ एमएसआरटीसी राज्य का पहला ऐसा परिवहन निगम बन जाएगा जिसकी सभी बसें पूरी तरह इलेक्ट्रिक होंगी। महाराष्ट्र इलेक्ट्रिक वाहन नीति 2025 के तहत इलेक्ट्रिक वाहनों को कई विशेष सुविधाएं दी जा रही हैं। अटल सेतु, मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे और समृद्धि महामार्ग का उपयोग करने वाले इलेक्ट्रिक वाहनों को टोल टैक्स में 100 प्रतिशत की छूट मिलेगी। इसके अलावा, इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने वाले लोगों को आर्थिक मदद भी दी जा रही है। सरकार राज्य के हर हाईवे पर हर 25 किलोमीटर की दूरी पर चार्जिंग स्टेशन बनाने का काम भी तेजी से कर रही है ताकि वाहन चालकों को कोई परेशानी न हो।








