बिहार में महागठबंधन की राजनीति में तेजस्वी यादव ने सीएम फेस पर अपने तेवर नर्म कर लिये हैं..आज नई दिल्ली में राहुल गांधी के साथ हुई उनकी बैठक में बिहार चुनाव को लेकर चर्चा हुई. बताया जा रहा है कि आगामी 17 अप्रैल को पटना में महागठबंधन की बैठक के बाद कई बातों पर से पर्दा उठेगा.
बिहार में मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर अब तक कांग्रेस और आरजेडी के बीच तल्खी थी, लेकिन ऐसा लगता है कि तेजस्वी यादव के तेवर अब ढीले पड़ गए हैं. जानकारी के अनुसार अब उन्होंने सीएम फेस पर अपना स्टैंड बदल लिया है. बता दें कि RJD नेता तेजस्वी यादव ने कांग्रेस के साथ बैठक पर कहा, हम सभी ने बैठक की है और काफी सकारात्मक चर्चा हुई है और हम सभी 17 तारीख को पटना में अपने गठबंधन सहयोगियों के साथ बैठेंगे. हम पूरी तरह से तैयार हैं. हम बिहार को मजबूती के साथ आगे ले जाने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं. 20 साल से सत्ता में रही राज्य सरकार और 11 साल से केंद्र में NDA सरकार है। इनके 20 साल के सरकार में बिहार में सबसे गरीब है, प्रति व्यक्ति आय सबसे कम है और सबसे ज्यादा पलायन होता है। हम मुद्दों पर चुनाव लड़ना चाहते हैं…”
हालांकि, सूत्रों से यह खबर है कि आने वाले समय में बिहार में तेजस्वी यादव ही सीएम फेस घोषित किये जाएंगे यह भी तय है. लेकिन, कांग्रेस और राजद की रणनीति इस फैसले को सही समय पर सामने लाने की है और इसको लेकर राजद और कांग्रेस की बैठक में सहमति बन गई है. सूत्रों के हवाले से खबर है कि अभी सीटों के बंटवारे को लेकर अंतिम फैसला नहीं हुआ है और इसके बाद अन्य बातों पर भी फैसला होना है. साथ ही महागठबंधन के अन्य घटक दलों से बैठक के बाद अंतिम रूप से कुछ फैसला किया जाएगा.
बिहार चुनाव को लेकर पटना से लेकर दिल्ली तक सियासत तेज हो गयी है. जहां एक ओर से दिल्ली से केंद्रीय नेताओं का बिहार दौरा शुरू हो गया है. वहीं बिहार से भी नेता दिल्ली पहुंचकर चुनाव से जुड़े मुद्दों पर अहम चर्चा कर रहे हैं. इसी क्रम में बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव सोमवार की शाम दिल्ली रवाना हुए. तेजस्वी आज दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर अहम मुलाकात किये. तेजस्वी यादव और मल्लिकार्जुन खरगे की इस मुलाकात को बिहार चुनाव को लेकर काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है. खास बात यह है कि इस मुलाकात के दौरान कांग्रेस सांसद राहुल गांधी भी मौजूद रहेंगे. सूत्रों के अनुसार तेजस्वी यादव की मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी के साथ यह खास मुलाकात बिहार में महागठबंधन के सीएम फेस और सीट शेयरिंग को लेकर होने वाली है.
हालांकि आरजेडी सूत्रों की मानें तो तेजस्वी यादव कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार, प्रदेश प्रभारी कृष्णा अल्लावरु और पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव की बिहार चुनाव में भूमिका को लेकर भी आज मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी से चर्चा कर सकते हैं. बताया जा रहा है कि तेजस्वी यादव हाल के दिनों में कन्हैया कुमार की राजनीति से नाराज नजर आ रहे हैं. इसी का नतीजा था कि राहुल गांधी के पिछले बिहार दौरे से वह दूरी बना लिए थे. दरअसल सियासी गलियारे में अक्सर यह चर्चा होती रहती है कि तेजस्वी यादव बिहार में कांग्रेस की ओर से कन्हैया को फेस बनाने पर सहमत नहीं होते हैं. इस बार भी कांग्रेस की यात्रा और राहुल गांधी के कार्यक्रम से तेजस्वी यादव ने साफ-साफ दूरी बना ली थी. वहीं सूत्रों के अनुसार शीट शेयरिंग के अलावा यह भी एक ऐसा मुद्दा है, जिसको लेकर बिहार में महागठबंधन के अंदर बिखराव की स्थिति दिखती है.
इन मुद्दों पर भी हो सकती है चर्चा
ऐसे में आज दिल्ली में तेजस्वी यादव की मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी के साथ मुलाकात के बाद कई सवालों के जवाब मिल सकते हैं. दरअसल मल्लिकार्जुन खरगे की यात्रा से पहले 17 अप्रैल को महागठबंधन दलों की बैठक होने वाली है. बताया जा रहा है कि तेजस्वी यादव इस गठबंधन में कुछ और दलों को शामिल करने का प्रस्ताव पेश करने वाले हैं. दरअसल रविवार को पान महासम्मेलन के जरिए चर्चा में आए इंजीनियर आईपी गुप्ता को महागठबंधन में लाने की चर्चा हो सकती है. वहीं इस मुलाकात के दौरान पप्पू यादव की भूमिका पर भी चर्चा हो सकती है. इस खास मुलाकात के लिए बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश कुमार को दिल्ली तलब किया गया है. पार्टी आलाकमान के बुलावे पर राजेश कुमार भी सोमवार शाम ही दिल्ली रवाना हो चुके हैं.
17 को पटना में महागठबंधन की बैठक
वहीं, पटना में 17 अप्रैल को महागठबंधन की बैठक होगी। मीटिंग में RJD, कांग्रेस, माले समेत सभी घटक दलों के नेता मौजूद रहेंगे। बैठक के दौरान सीट बंटवारा, CM फेस समेत कई मुद्दों पर चर्चा होगी। बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम के साथ प्रभारी कृष्णा अल्लावरू भी इस बैठक में शामिल होंगे।
1. CM फेस को लेकर RJD-कांग्रेस में तकरार
CM फेस को लेकर राजद-कांग्रेस में तकरार है। कांग्रेस प्रभारी कृष्णा अल्लावरू पहले ही कह चुके हैं कि चुनाव के बाद CM के चेहरे पर बात होगी।
बीते मार्च में दिल्ली में हुई पार्टी मीटिंग के बाद अल्लावरू ने कहा था- ‘इंडिया गठबंधन जब बैठेगी तब सीट, CM फेस सब पर चर्चा होगी। मुख्यमंत्री का चेहरा कौन होगा, नहीं होगा, इस पर सामूहिक निर्णय लिया जाएगा।’
वहीं 11 अप्रैल को कन्हैया की रैली में शामिल होने पटना पहुंचे कांग्रेस नेता और राजस्थान के पूर्व डिप्टी CM सचिन पायलट ने भी चुनाव में जीत के बाद सब तय करने की बात कही।
दूसरी तरफ RJD महागठबंधन की ओर से तेजस्वी यादव को CM का चेहरा घोषित कर चुकी है।
26 मार्च को पटना में बिहार प्रभारी कृष्णा अल्लावरू ने कहा था- ‘हमारी पहली प्राथमिकता इंडिया अलायंस को मजबूत करने की रहेगी। इसके लिए क्या रूप रेखा होगी, कैसे सीट का बंटवारा होगा और क्या मुद्दे होंगे इस पर बैठकर चर्चा होगी।’
6 अप्रैल को बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने तेजस्वी से मुलाकात की थी।
2. महागठबंधन में सीट बंटवारे पर भी रार
एक ओर जहां CM फेस को लेकर RJD-कांग्रेस में कन्फ्यूजन है। वहीं सीट बंटवारे पर भी तकरार है। कांग्रेस कई बार 70 से कम सीट पर नहीं लड़ने की बातें कर चुकी है, जबकि मुकेश सहनी ने 60 सीटें मांगी है।
मुकेश सहनी 60 सीटों के साथ डिप्टी CM के पद की डिमांड कर चुके हैं।
1 महीने पहले बगहा में राष्ट्रीय कार्यकारिणी की मीटिंग में VIP पार्टी के सुप्रीमो मुकेश सहनी ने कहा था- ‘आगामी चुनाव में VIP महागठबंधन के साथ मिलकर बिहार की 60 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी। ‘
‘अगर बिहार में महागठबंधन की सरकार बनती है, तो VIP के हिस्से में डिप्टी CM का पद होगा।
दो दिवसीय दौरे पर बिहार आ रहे खड़गे
वहीं, राहुल गांधी के बाद अब कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे बिहार आ रहे हैं। वह 19 और 20 अप्रैल को दो दिवसीय बिहार दौरे पर रहेंगे। खड़गे 19 अप्रैल को बक्सर तो 20 अप्रैल को पटना में रैली करेंगे। 7 अप्रैल को राहुल गांधी बिहार आए थे अब 12 दिन बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष बिहार पहुंचेंगे।
2020 में 70 सीटों पर लड़ी थी कांग्रेस
बिहार विधानसभा चुनाव 2020 में कांग्रेस को महागठबंधन में 70 सीट दी गई थीं। राजद ने कांग्रेस को यह सीट दी थी। इसमें कांग्रेस ने सिर्फ 19 सीट जीत सकी। वहीं, भाकपा (माले) को 19 सीटों पर चुनाव लड़ा था और 12 पर जीती थीं।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी को 6 और भाकपा (मार्क्सवादी) को 4 सीट मिली थीं। दोनों दल दो-दो सीट जीत गई थीं। वहीं, राजद ने 144 सीट पर चुनाव लड़ा था। इसमें से 75 सीट पर जीत हुई थी। लेकिन, तेजस्वी यादव CM बनते-बनते रह गए थे।
सीट बंटवारा समेत कई मुद्दों पर बात
राजद सांसद मनोज झा ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव के लिए महागठबंधन पूरी तरह तैयार है। आगामी चुनाव में सीट शेयरिंग समेत कई मुद्दों पर आज की बैठक में चर्चा हो रही है। यह महज एक औपचारिक बैठक है। राष्ट्रीय जनता दल और कांग्रेस के बीच संबंध काफी लंबे समय से हैं। अब चुनाव में करीब छह-सात महीने का समय रह गया है। सूत्र बता रहे हैं कि कांग्रेस इस बार भी 70 सीटों पर चुनाव लड़ने की मांग कर रही है। हालांकि 2020 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को महज 19 सीटों पर ही जीत मिली थी। वामदल भी अपने स्ट्राइक रेट को देखते हुए अधिक सीटों की मांग कर रहा है। और, राजद किसी भी हाल में 150 से कम सीटों पर चुनाव नहीं लड़ना चाहता है। इसका कारण यह है कि पिछले विधानसभा चुनाव में बिहार में राजद के टिकट पर सबसे ज्यादा विधायक जीते थे। सूत्र तो यह भी बता रहे हैं कि मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर आने वाले समय में कोई विवाद न हो, इसलिए राजद आज ही इस मुद्दे पर बात करेगा। क्योंकि राजद पहले ही तेजस्वी यादव को मुख्यमंत्री चेहरा घोषित कर चुका है।








