प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज अपने दो दिवसीय दौरे पर बिहार आएंगे। पटना एयरपोर्ट उतरते ही वह पटना एयरपोर्ट के मॉडल टर्मिनल का उद्घाटन करेंगे और फिर वहीं से वह रोड शो करेंगे। दूसरे दिन शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी रोहतास जिला के विक्रमगंज जाएंगे। वहां वह जनसभा को संबोधित करेंगे।
देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ऑपरेशन सिन्दूर की सफलता के बाद पहली बार बिहार आ रहे हैं। बिहार आते ही वह बिहार के लोगों के लिए हवाई यातायात के क्षेत्र में बड़ी सौगात देंगे। पूर्व के तय कार्यक्रम के अनुसार प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज शाम लगभग 4 बजे पटना एयरपोर्ट पर उतरेंगे और फिर पटना एयरपोर्ट के अत्याधुनिक नए टर्मिनल भवन का उद्घाटन करेंगे और बिहटा हवाई अड्डे पर नए सिविल एन्क्लेव की आधारशिला रखेंगे। कुल 2613 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इन दो महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स से बिहार के हवाई संपर्क को नई मजबूती मिलेगी और यह राज्य के आर्थिक विकास, पर्यटन और व्यापार को नई गति देगा।
750 गाड़ियों के लिए मल्टीलेवल पार्किंग
पटना एयरपोर्ट का नया टर्मिनल अब भव्य रूप में तैयार है। इसका क्षेत्रफल 12,000 वर्गफीट से बढ़कर 65,000 वर्गफीट हो गया है। यहां मल्टीलेवल पार्किंग में 750 गाड़ियों की पार्किंग की सुविधा उपलब्ध होगी। यात्रियों के लिए कनेक्टिंग ब्रिज के माध्यम से टर्मिनल में प्रवेश की प्रक्रिया 5 जून से शुरू होगी।
विशाल वेटिंग एरिया और लाउंज की सुविधा
नए टर्मिनल के निर्माण से वेटिंग एरिया का आकार भी बढ़ा है। अब यात्रियों के लिए 64 चेक-इन काउंटर उपलब्ध होंगे, जिससे लंबी कतारों से राहत मिलेगी। यहां सभी आधुनिक सुविधाएं यात्रियों की सुविधा के लिए उपलब्ध कराई गई हैं।
पांच एयरोब्रिज और अन्य सुविधाएं
नए टर्मिनल में चार गेट और आठ गेट के साथ हवाई जहाज पर चढ़ने के लिए 15 लिफ्ट और चार चलंत सीढ़ियां भी लगाई गई हैं। पहले यात्रियों को बस के माध्यम से विमान में चढ़ाया जाता था, लेकिन अब पांच एयरोब्रिज के माध्यम से सीधे विमान में चढ़ने की सुविधा होगी।
75 विमानों की उड़ान क्षमता
पटना एयरपोर्ट की उड़ान क्षमता 34 से बढ़कर 75 हो गई है, जिससे यात्रियों की संख्या 25 लाख से बढ़कर लगभग एक करोड़ हो जाएगी। यहां अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी, जो दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े एयरपोर्ट्स के समकक्ष होंगी।
चेक-इन और लगेज बेल्ट की नई व्यवस्था
नए टर्मिनल में 64 चेक-इन काउंटर होंगे, जिससे यात्रियों को बोर्डिंग पास प्राप्त करने में आसानी होगी। इसके अलावा, चार लगेज बेल्ट भी लगाए गए हैं, जिससे यात्रियों को सामान के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
बाहर निकलने के लिए 8 दरवाजे
नए टर्मिनल के अराइवल हॉल में बाहर निकलने के लिए आठ दरवाजे बनाए गए हैं, जिससे यात्रियों को बाहर निकलने में कोई परेशानी नहीं होगी। इस टर्मिनल की वार्षिक यात्री क्षमता एक करोड़ होगी।
डिपार्चर सेक्शन में ट्रैवेलेटर की सुविधा
मल्टीलेवल पार्किंग से डिपार्चर सेक्शन तक पहुंचने के लिए 81 मीटर लंबा ट्रैवेलेटर लगाया गया है। यात्रियों की सुविधा के लिए लिफ्ट और एक्सलेटर भी उपलब्ध कराए गए हैं।
टर्मिनल भवन में बेसमेंट की सुविधा
पटना एयरपोर्ट का नया टर्मिनल दो मंजिला है, जिसमें एक बेसमेंट भी है। यह बेसमेंट टर्मिनल के इलेक्ट्रिकल कंट्रोल यूनिट के लिए उपयोग किया जाएगा।
इस नए टर्मिनल के उद्घाटन से बिहार में हवाई यात्रा की सुविधाओं में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है।
पटना से बड़ा होगा बिहटा एयरपोर्ट, PM आज शिलान्यास करेंगे
PM नरेंद्र मोदी पटना को आज दूसरी बड़ी सौगात देंगे। पटना एयरपोर्ट के नए टर्मिनल के उद्घाटन के साथ बिहटा में नए सिविल एन्क्लेव एयरपोर्ट का शिलान्यास करेंगे।
1453 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाले इस एयरपोर्ट से देश-विदेश के बड़े विमान उड़ान भर सकेंगे। इससे पटना के मौजूदा एयरपोर्ट पर से यात्री का दबाव कम होगा।
प्रधानमंत्री मोदी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शिलान्यास करेंगे। फिलहाल एयरपोर्ट के लिए 126 एकड़ जमीन अधिग्रहित की जा चुकी है, जिसमें 108 एकड़ एयरपोर्ट अथॉरिटी को रनवे और टर्मिनल भवन के लिए दिया जाएगा। बाकी के 18 एकड़ जमीन का उपयोग स्टेट हैंगर आदि के लिए राज्य सरकार करेगी।
बिहटा एयरपोर्ट में क्या-क्या बनेगा?, क्या सुविधाएं होंगी? जानिए, स्पेशल स्टोरी में…।
कब तक पूरा होगा कामः टर्मिनल का निर्माण कार्य अप्रैल 2027 तक पूरा करने का टारगेट तय किया गया है। रूसी कंपनी जेएससी आईए वोज़्रोज़्डेनी (JSC IA Vozrozhdenie) को 459 करोड़ रुपए की लागत से टर्मिनल भवन, यूटिलिटी कॉरिडोर, एलिवेटेड रोड और अन्य सुविधाओं के निर्माण का कान्ट्रैक्ट दिया गया है।
हाल में स्वायल टेस्टिंग शुरू हुई है। बिहटा एयरपोर्ट के निर्माण पर कुल 1,453 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है। इस पर इतना होगा खर्च…
- टर्मिनल भवन और रनवे: 459.99 करोड़ रुपए खर्च होंगे, जिसमें 438 करोड़ रुपए निर्माण और 21.99 करोड़ रुपए संचालन व रख-रखाव के लिए आवंटित किया गया है।
- जमीन अधिग्रहण: 994 करोड़ रुपए, जिसमें 482 करोड़ रुपए जमीन अधिग्रहण और 512 करोड़ रुपए पुनर्वास के लिए आवंटित है।

बनने से पहले 600 करोड़ रुपए बढ़ा बजटः जब एयरपोर्ट के बनने का ऐलान किया गया था तब 800 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान था, लेकिन पिछले 5 सालों में निर्माण में देरी के कारण लागत बढ़कर 1453 करोड़ रुपए हो गई।
बेहतर होगी हवाई कनेक्टिविटी
इस एयरपोर्ट से न सिर्फ बिहार के लिए हवाई कनेक्टिविटी बढ़ेगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार भी मिलेगा।
यहां टर्मिनल भवन, यूटिलिटी कॉरिडोर, एलिवेटेड रोड, मल्टीलेवल कार पार्किंग और कर्मचारियों के लिए आवास बनेंगे। टर्मिनल पर एक समय 3 हजार पैसेंजर्स रुक सकेंगे।
कार्गो विमान के लिए बढ़ेगा रनवेः एयरपोर्ट को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप डिजाइन किया जा रहा है। रनवे को 12,000 फीट तक बढ़ाया जाएगा, जो बोइंग 747, A321, B737 और A320 जैसे बड़े विमानों और कार्गो विमानों के लिए जरूरी है। फिलहाल रनवे 8000 फीट का है, जो बड़े विमानों के लिए अपर्याप्त है।
घने कोहरे में भी सेफ होगी लैंडिंगः एयरपोर्ट में इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम (ILS) कैटेगरी-2 होगा, जो घने कोहरे में भी सुरक्षित लैंडिंग सुनिश्चित करेगा। यह सिस्टम पायलट को रनवे की वर्चुअल इमेज भेजेगा, जिससे कम दृश्यता में भी लैंडिंग संभव होगी। यह सुविधा पटना एयरपोर्ट के ILS कैटेगरी-1 से बेहतर है, जहां कोहरे के कारण उड़ानें प्रभावित होती हैं।
पटना एयरपोर्ट से बड़ा होगा टर्मिनल भवनः बिहटा का टर्मिनल भवन 68,000 वर्ग मीटर में बनाया जाएगा, जो पटना एयरपोर्ट के नए टर्मिनल (65,000 वर्ग मीटर) से बड़ा होगा।
पैसेंजर्स को ये भी सुविधा मिलेगी…
- यात्रियों को सीधे विमान में जाने के लिए 6 एयरोब्रिज बन गए हैं।
- 64 चेक-इन काउंटर, 16 सेल्फ चेक-इन काउंटर और छह कन्वेयर बेल्ट होंगे।
- मल्टी-लेवल कार पार्किंग और एलिवेटेड रोड पैसेंजर्स की सुविधा बढ़ाएंगे।
- टर्मिनल को भविष्य में दो मंजिला तक विस्तारित करने की योजना है, जिससे इसकी क्षमता दोगुनी हो सकेगी।
- 2047 तक सालभर में 50 लाख पैसेंजर्स आना-जाना कर सकेंगे।
- यहां एक साथ 10 विमानों की पार्किंग हो सकेगी।

पटना बनेगा देश का 7वां जिला, जहां दो एयरपोर्ट
बिहटा एयरपोर्ट के चालू होने के बाद पटना देश का 7वां जिला बन जाएगा, जहां दो एयरपोर्ट चालू हालत में होंगे। फिलहाल दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, गोवा, कोझिकोड और अहमदाबाद में दो-दो एयरपोर्ट हैं।
बिहटा एयरपोर्ट भारतीय वायुसेना के मौजूदा एयरबेस को सिविल टर्मिनल के रूप में अपग्रेड कर बनाया जा रहा है। यह परियोजना एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) और बिहार सरकार के सहयोग से पूरी हो रही है।
नाम को लेकर अलग-अलग मांग
बिहटा एयरपोर्ट के नाम को लेकर राजनीति तेज है। बिशनपुरा पंचायत के लोगों ने 28 मार्च 2025 को आंदोलन शुरू किया, जिसमें उन्होंने एयरपोर्ट का नाम स्वतंत्रता सेनानी बाबू वीर कुंवर सिंह के नाम पर रखने की मांग की। उनका तर्क है कि इस क्षेत्र में राजपूत समाज के लोगों ने सबसे अधिक जमीन दी है। वहीं, राष्ट्रीय लोक मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने जननायक कर्पूरी ठाकुर के नाम की मांग की है।







