बिहार की पांच राज्यसभा सीट के लिए सोमवार सुबह वोटिंग शुरू हो गई। सत्तारूढ़ NDA के पांच और विपक्षी दल राष्ट्रीय जनता दल (राजद) का एक उम्मीदवार चुनाव मैदान में है। उन्होंने बताया कि बिहार विधानसभा परिसर में मतदान सुबह नौ बजे शुरू हुआ और शाम पांच बजे तक जारी रहेगा। विधायकों ने अपने मताधिकार का प्रयोग करना शुरू कर दिया है। लेकिन इसी बीच एक बड़ी खबर आई कि कांग्रेस के 3 विधायक अभी तक वोट डालने नहीं पहुंचे हैं। मनिहारी के विधायक से संपर्क तो हो रहा है, लेकिन अभी तक विधानसभा नहीं पहुंचे हैं। जबकि दो से संपर्क ही नहीं हो पा रहा है।
कौन हैं वो कांग्रेस के 2 विधायक, जानिए पहले के बारे में
कांग्रेस के वो पहले विधायक हैं फारबिसगंज MLA मनोज विश्वास। हमारे कांग्रेस सूत्रों ने बताया कि ‘मनोज विश्वास से उनका संपर्क नहीं हो पा रहा है। वो कहां हैं, इसकी जानकारी भी नहीं है।’ फारबिसगंज विधायक अगर वोट नहीं डालते हैं तो इससे NDA को फायदा हो सकता है। मनोज विश्वास की 2025 बिहार विधानसभा लड़ते वक्त 38 साल उम्र थी। उन्होंने बिहार विधानसभा चुनाव में 221 वोटों के मामूली अंतर से बीजेपी विद्या सागर केशरी को हराया था।
दूसरे विधायक- सुरेंद्र कुशवाहा
बिहार कांग्रेस को वो दूसरे विधायक जो पार्टी के राडार से बाहर हैं, वो हैं वाल्मीकीनगर के सुरेंद्र प्रसाद कुशवाहा। NBT को कांग्रेस के सूत्रों ने इनका नाम भी बताया है कि इनसे भी पार्टी का कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है। सुरेंद्र प्रसाद कुशवाहा ने वाल्मीकीनगर से जनता दल यूनाइटेड के धीरेंद्र प्रताप सिंह उर्फ रिंकू सिंह को सिर्फ 1675 वोटों के छोटे अंतर से हराया था। शक है कि ये भी विरोधी खेमे के संपर्क में आ गए हैं। हालांकि इसकी पुष्टि नहीं है।
क्या होगा राज्यसभा चुनाव में
मतगणना शाम पांच बजे के बाद शुरू होगी और परिणाम आज ही घोषित होने की उम्मीद है। बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड (जदयू) प्रमुख नीतीश कुमार तथा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन NDA के उम्मीदवारों में शामिल हैं। सत्ताधारी गठबंधन के अन्य तीन उम्मीदवारों में केंद्रीय मंत्री राम नाथ ठाकुर, राष्ट्रीय लोक मोर्चा (आरएलएम) के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा (दोनों राज्यसभा के मौजूदा सदस्य) और भाजपा के शिवेश कुमार शामिल हैं।
क्या फिर से होगी क्रॉस वोटिंग
राजनीतिक समीकरणों के लिहाज से यह चुनाव भले ही संख्या बल के कारण काफी हद तक एकतरफा दिखाई दे रहा हो, लेकिन पांचवीं सीट को लेकर मुकाबला दिलचस्प बन गया है। बिहार से राज्यसभा की पांच सीटें खाली होने के बाद इस बार कुल छह उम्मीदवार मैदान में हैं। राजग ने अपने पांच प्रत्याशियों को मैदान में उतारा है, जबकि महागठबंधन की ओर से राजद ने अमरेंद्र धारी सिंह को चुनावी मैदान में उतारकर मुकाबले को रोचक बना दिया है। राजनीतिक गलियारों में ‘क्रॉस वोटिंग’ की आशंका को लेकर भी चर्चाएं तेज हैं। हालांकि दोनों ही खेमे अपने-अपने विधायकों को एकजुट रखने का दावा कर रहे हैं। राजद अपने इकलौते उम्मीदवार की जीत के लिए ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल-मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के समर्थन पर बहुत अधिक निर्भर है, जिसके पांच विधायक हैं।







