पश्चिम एशिया (West Asia) में गहराते युद्ध के बाद वैश्विक अर्थव्यवस्था और आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) पर मंडराते खतरों को देखते हुए बिहार सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ हुई हाई-लेवल वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के तुरंत बाद, राज्य सरकार ने एक ‘उच्चस्तरीय क्राइसिस मैनेजमेंट […]
By UB India News • Patna, Bihar रविवार, 29 मार्च 2026, 06:51 AM • 4 मिनट read
पश्चिम एशिया (West Asia) में गहराते युद्ध के बाद वैश्विक अर्थव्यवस्था और आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) पर मंडराते खतरों को देखते हुए बिहार सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ हुई हाई-लेवल वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के तुरंत बाद, राज्य सरकार ने एक ‘उच्चस्तरीय क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप’ (CMG) के गठन का आदेश जारी किया है. यह समूह अंतरराष्ट्रीय संकट के कारण बिहार में पैदा होने वाली किसी भी आपात स्थिति, जैसे महंगाई, खाद्यान्न की कमी या प्रवासियों की सुरक्षा से निपटने के लिए जिम्मेदार होगा.
मुख्य सचिव की कमान में काम करेगी कमेटी
इस नवनिर्मित क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप की अध्यक्षता राज्य के मुख्य सचिव (Chief Secretary) करेंगे. सरकार ने इसे एक अंतर-विभागीय शक्ति के रूप में स्थापित किया है ताकि त्वरित निर्णय लिए जा सकें. समिति में विकास आयुक्त, गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव (ACS), पुलिस महानिदेशक (DGP) के अलावा कृषि, स्वास्थ्य, ऊर्जा, परिवहन, नगर विकास और श्रम संसाधन विभाग के प्रधान सचिवों को सदस्य बनाया गया है. खास बात यह है कि खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग को इस पूरे अभियान का ‘नोडल विभाग’ घोषित किया गया है, जिसका प्राथमिक कार्य बाजार में आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करना होगा.
प्रवासी श्रमिकों और आपूर्ति श्रृंखला की सुरक्षा
बिहार के लाखों श्रमिक और पेशेवर पश्चिम एशिया के विभिन्न देशों (जैसे सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, कतर) में कार्यरत हैं. युद्ध की स्थिति में उनके रोजगार और सुरक्षा पर सीधा असर पड़ता है. यह समूह विदेश मंत्रालय के समन्वय में रहकर बिहार के प्रवासियों के हितों की रक्षा करेगा. इसके अतिरिक्त, पेट्रोलियम उत्पादों और अन्य आयातित वस्तुओं की कीमतों में होने वाली संभावित वृद्धि को देखते हुए, राज्य के भीतर कालाबाजारी रोकने और आपूर्ति श्रृंखला को सुचारू बनाए रखने के लिए यह समूह कड़ी निगरानी रखेगा.
30 मार्च को पहली महाबैठक और जिलास्तरीय रणनीति
समूह की कार्यप्रणाली को सक्रिय करने के लिए 30 मार्च का दिन बेहद महत्वपूर्ण तय किया गया है. मुख्य सचिव की अध्यक्षता में पहली बैठक शाम 4 बजे आयोजित होगी, जिसमें सभी संबंधित विभागों के सचिव अपना रोडमैप पेश करेंगे. इसके तुरंत बाद, शाम 5 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य के सभी प्रमंडलीय आयुक्तों (Commissioners) और जिलाधिकारियों (DMs) के साथ संवाद किया जाएगा. इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जिला स्तर पर निगरानी समितियों को सक्रिय करना और स्थानीय बाजारों में आवश्यक वस्तुओं के स्टॉक की रिपोर्ट तैयार करना है.
भविष्य की जरूरतें और विभागों का विस्तार
बिहार सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप केवल एक अस्थायी ढांचा नहीं है, बल्कि जरूरत पड़ने पर इसमें अन्य विभागों जैसे कि जल संसाधन या आपदा प्रबंधन को भी शामिल किया जा सकता है. राज्य सरकार का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि अंतरराष्ट्रीय अस्थिरता के कारण बिहार के आम नागरिक के थाली के बजट और सुरक्षा पर कोई आंच न आए.
CMG में बड़े अफसरों की बनाई गई टीम
यह समूह मुख्य सचिव की अध्यक्षता में कार्य करेगा। इसमें विभिन्न महत्वपूर्ण विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है, जिनमें विकास आयुक्त, अपर मुख्य सचिव (गृह), पुलिस महानिदेशक, तथा कृषि, स्वास्थ्य, नगर विकास एवं आवास, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण, सहकारिता, श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण, ऊर्जा, परिवहन तथा आपदा प्रबंधन विभागों के प्रधान सचिव/सचिव स्तर के अधिकारी शामिल हैं।
खाद्य-उपोभोक्ता संरक्षण विभाग को मिला अहम काम
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग को इस समूह का नोडल विभाग नामित किया गया है। इस समूह की जिम्मेदारी राज्य में आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता, आपूर्ति श्रृंखला की निगरानी, प्रवासी श्रमिकों के हितों की रक्षा तथा संभावित आपात स्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने हेतु समन्वित रणनीति तैयार करना एवं उसे लागू करना होगा। जाहिर है ईरान और इजराइल-अमेरिका के युद्ध को देखते हुए बड़े स्तर पर तैयारी शुरू कर दी गई है।
क्यों बनाया गया CMG?
ईरान-इजराइल-अमेरिका युद्ध के लंबा खिंचने की आशंका
बिहार में अभी से ही रसोई गैस LPG को लेकर हालात ठीक नहीं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कहा है एकजुट रहने के लिए
ऐसे में बिहार सरकार ने समय रहते उठाया कदम
जरूरी चीजों की दिक्कत न हो, इसी के लिए CMG